सरपंच ने बनाया फर्जी प्रमाणीकरण: न्यायालय में चल रहा था मामला, जांच के बाद FIR - Pichhore News

पिछोर। पिछोर थाना पुलिस ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के जांच प्रतिवेदन के आधार पर ग्राम पंचायत गरेंठा के सरपंच सहित एक अन्य व्यक्ति के खिलाफ कूटरचित दस्तावेज तैयार करने का प्रकरण कायम किया है।

दतिया जिले के ग्राम मनगुली निवासी प्राण सिंह पुत्र दशरथ लोधी के खिलाफ दतिया जिले में कोई आपराधिक प्रकरण दर्ज था। उक्त मामले में वह फरार चल रहा था, आपराधिक प्रकरण से बचने के लिए प्राण सिंह ने उच्च न्यायालय ग्वालियर में ग्राम पंचायत गरैठा के सरपंच ज्ञान सिंह लोधी का एक प्रमाण पत्र प्रस्तुत किया। उक्त प्रमाण पत्र में सरपंच ने प्रमाणित किया कि प्राण सिंह प्राण सिंह पुत्र दशरथ लोधी निवासी मनगुली ग्राम पंचायत गरैठा जनपद पंचायत खनियाधाना तहसील पिछोर जिला शिवपुरी का स्थायी निवासी है। 

इसका मकान व खेती ग्राम मनगुली में है और प्राण सिंह लोधी का ग्राम मुढरा से कोई संबंध नहीं है। न ही ग्राम मुरा में इसका मकान है। दो नवंबर 2021 को प्राण सिंह लोधी ग्राम गरैठा में मेरी मशीन पर काम कर रहा था जो कि मशीन की देखरेख प्राण सिंह लोधी करता था जो प्रमाणित किया वह सत्य है।

हाईकोर्ट के आदेश पर इसकी जांच अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शिवपुरी द्वारा कराई गई। एडीशनल एसपी ने जांच में पाया कि सरपंच ज्ञान सिंह लोधी ने जो प्रमाण-पत्र बनाया था वह कूट रचित था और इस प्रमाण पत्र का उपयोग आरोपी प्राण सिंह ने अपराध से बचने के लिए किया। पुलिस ने सरपंच ज्ञान सिंह लोधी और आरोपि प्राण सिंह लोधी पर आपराधिक प्रकरण दर्ज किया है।

न्यायालय में ये जांच प्रतिवेदन किया गया पेश

आवेदक प्राण सिंह लोधी पुत्र दशरथ लोधी निवासी ग्राम मनगुली थाना पिछोर जिला शिवपुरी के पास क्या कोई काष्ठ चिरान (आरा मशीन ) का लाइसेंस होने संबंधी जानकारी वन परिक्षेत्राधिकारी वन परिक्षेत्र पिछोर सामान्य वन मण्डल शिवपुरी से ली गई तो उक्त आवेदक के नाम से म.प्र. काष्ठ चिरान (विनियमन) अधिनियम 1984 के तहत कोई लाइसेंस जारी नहीं होना और न ही इस नाम से कोई लाईसेन्स ग्राम मनगुली एवं कस्बा पिछोर में दिये जाना लेख किया है। इसके अलावा इस प्रकार के लाइसेंस आरा मशीन स्थापित करने हेतु ग्राम पंचायत स्तर पर नहीं दिए जाते है। उक्त तथ्यों के आधार पर यह स्पष्ट कि आवेदक उक्त आरा मशीन का मालिक नहीं था।