पेक्स सोसाईटियो को जांच की जद में आने से बढी परेशानी,किसानो को नही मिल रहा हैं खाद - Shivpuri News

शिवपुरी।जिले के कोलारस सहकारी बैंक में हुए घोटाले के कारण किसानों को परेशान होना पड़ रहा है। सहकारी बैंक में घटित हुए लगभग 80 करोड़ रुपये के बैंक घोटाले के कारण किसानों को खाद नहीं मिल रहा। सहकारी बैंक में घोटाले का असर सहकारिता विभाग एवं इससे जुड़ी पैक्स सोसाइटियों में देखने को मिल रहा है।

सभी सोसाइटियों में खाद की उपलब्धता न होने के चलते किसान सहकारी बैंक व संस्था से संचालित सोसाइटियों के चक्कर काटने को मजबूर हैं लेकिन सहकारी बैंक के अधिकारियों द्वारा सभी सोसाईटियों को डिफाल्टर होना बताया जा रहा है क्योंकि बैंक घोटाले के साथ-साथ सभी सोसाइटियां भी जांच में शामिल हैं। परेशान किसानों की सुनवाई प्रशासनिक अधिकारी नहीं कर रहे हैं।

बैंक के घोटालेबाजों ने बढ़ा दी किसानों की मुसीबत

पीडित किसानों के मुताबिक उन्होनें समय से सहकारिता का ऋण चुकता कर दिया था, लेकिन बैंक के घोटालेबाजों ने उन्हें ही डिफॉल्टर बना दिया। बैंक घोटाले के खुलासे के बाद सहकारिता विभाग के आला अफसर भी चुप्पी साधकर बैठ गए हैं। खाद मांगने बैंक आ रहे किसानों व सभी सोसाइटियों को डिफाल्टर बताकर खाद्य उपलब्धता कराने से इंकार कर रहे हैं।

किसानों के सामने खाद की किल्लत

क्षेत्र में इस समय बोवनी का समय है और किसानों को खाद की आवश्यता है लेकिन खाद नहीं मिल रहा है। ऐसे में क्षेत्र के हजारों किसानों को सहकारी बैंक एवं सहकारी संस्थाओं के जिम्मेदारों की लापरवाही व 80 करोड़ के बैंक घोटाले का दंश झेलना पड़ रहा है। क्षेत्र के किसान कई किलोमीटर दूर चलकर सहकारी बैंक और सोसाइटी तक आते हैं लेकिन यहां तालाबंदी जैसे हालत निर्मित देखकर मायूस होकर लौट रहे हैं।

गेहूं बेचने पर खातों में आया पैसा भी नहीं मिल रहा

कई किसानों ने बताया है कि उनके द्वारा समर्थन मूल्य पर पूर्व में जो गेहूं बेचा गया था उसका पैसा उनके खातों में आया लेकिन सहकारिता विभाग में हुए घोटाले के बाद अब यह पैसा बैंकों से नहीं निकल रहा है जिसके कारण वह परेशान है। किसानों का कहना है कि रवि सीजन की बोबनी वह कर रहे हैं और खेती-किसानी के कार्य के लिए पैसों की आवश्यकता है लेकिन बैंक से पैसा नहीं मिल रहा है। अघोषित रूप से पैसा निकालने पर रोक लगा दी गई है।

पेक्स सोसाईटियों को जांच की जद में आने से बढ़ी परेशानी

बताया जाता है कि जिले के कोलारस में 9 सोसाइटी खाद वितरण का कार्य करती थी, जिनमें पैक्स सोसाईटी कोलारस, पचावली, लुकवासा, देहरदा गणेश, खरई, कुलवारा, बेंहठा, भडौता व राई आदि पैक्स सोसाईटियां शामिल हैं। बैंक घोटाले में सहकारी बैंक के साथ-सभी सभी पेक्स सोसाईटियों को जांच की जद में शामिल करने से किसी भी सोसाइटी को खाद की उपलब्धता नहीं हो सकी।

जांच में परगने में संचालित सभी सोसाईटियों में समायोजन राशि का सही मिलान नहीं हो पा रहा, इसके चलते सहकारिता के अधिकारियों द्वारा पैक्स सोसाईटियों को डिफाल्टरों की श्रेणी में लिया जा रहा है। अब परेशान किसान को खाद के लिए अपने पैसों से यह खरीद करनी पड़ रही है।