Shivpuri में सरपंच-सचिव की डकैती,ऐताहासिक गढी को ट्रोलियो में भरकर बेच दिया

शिवपुरी। भ्रष्टाचार जब मर्यादाएं लांघ जाता है, तो वह इतिहास और गौरव को भी नहीं बख्शता। पोहरी विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत गोपालपुर में सरपंच नरेश धाकड़ और सचिव लाखन सिंह यादव ने लालच की सारी हदें पार करते हुए पुरातत्व विभाग की ऐतिहासिक गढ़ी को ही निशाना बना डाला। जिस प्राचीन धरोहर का संबंध ऐतिहासिक गौरव से रहा है, उसे इन 'सफेदपोशों' ने मिट्टी और पत्थरों के मोल बेच दिया।

जेसीबी से ढहाया इतिहास, मलबे का भी कर दिया सौदा ग्रामीणों का आरोप है कि सरपंच और सचिव ने विभाग की अनुमति के बिना आधी रात के अंधेरे में जेसीबी मशीन चला कर वर्षों पुरानी गढ़ी को जमींदोज कर दिया। बेशर्मी की इन्तहा तो तब हो गई जब गढ़ी के मलबे को सैकड़ों ट्रालियों में भरकर बाजार में बेच दिया गया। इतना ही नहीं, गढ़ी के आंगन में खड़े सदियों पुराने विशाल पेड़ों को भी कसाई की तरह काटकर ठिकाने लगा दिया गया।

ग्रामीणों के पास वीडियो सबूत, सीधे मुख्यमंत्री से शिकायत गांव की विरासत को 'खुर्द-बुर्द' होते देख आक्रोशित ग्रामीणों ने अब मुख्यमंत्री के नाम मोर्चा खोल दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि उनके पास इस काले कारनामे की पुख्ता वीडियो रिकॉर्डिंग मौजूद है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि अपनी जेबें भरने के लिए इतिहास को बेचने वाले इन दोषियों पर कड़ी कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन उग्र होगा।