शिवपुरी। शिवपुरी जिले में आत्महत्या की दो हृदयविदारक घटनाएं सामने आई हैं, जहां सुरवाया और अमोला थाना क्षेत्रों में दो युवकों ने मौत को गले लगा लिया। सुरवाया में जहां एक युवक ने पिता की डांट से क्षुब्ध होकर भाई को फोन कर सुसाइड की सूचना दी, वहीं अमोला के सिरसौद गांव में एक 19 वर्षीय युवक ने घर में फंदा लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली।
पहली घटना:सुसाइड से पहले भाई को कॉल
भाई को फोन कर बताया मौत का ठिकाना सुरवाया थाना क्षेत्र के अंतर्गत सीहोर निवासी 20 वर्षीय गिर्राज गुर्जर ने बुधवार को एक खौफनाक कदम उठाया। बताया जा रहा है कि पारिवारिक विवाद और पिता की डांट के कारण वह मानसिक तनाव में था। आत्महत्या से ठीक पहले गिर्राज ने अपने भाई कोमल गुर्जर को फोन किया और कहा कि मेरी बाइक सड़क किनारे खड़ी मिलेगी और मैं पास के पेड़ पर लटका मिलूंगा। परिजन बदहवास होकर बताए गए स्थान पर पहुंचे, लेकिन तब तक गिरिराज की सांसें थम चुकी थीं।
दूसरी घटना:घर में फंदे पर लटका मिला
घर में ही फंदे पर लटका मिला 19 वर्षीय अनिकेत, दूसरी घटना अमोला थाना क्षेत्र के सिरसौद गांव की है, जहां गुरुवार सुबह करीब 7 बजे अनिकेत आदिवासी उम्र 19 वर्ष साल ने अपने घर में फांसी लगा ली। जिस समय यह घटना हुई, अनिकेत के पिता भगवानदास काम के सिलसिले में घर से बाहर थे,परिवार के अन्य सदस्यों ने जब अनिकेत को फंदे पर लटका देखा, तो घर में कोहराम मच गया। दोनों ही मामलों में स्थानीय पुलिस ने मर्ग कायम कर शवों का पोस्टमार्टम कराया और विवेचना शुरू कर दी है।
पहली घटना:सुसाइड से पहले भाई को कॉल
भाई को फोन कर बताया मौत का ठिकाना सुरवाया थाना क्षेत्र के अंतर्गत सीहोर निवासी 20 वर्षीय गिर्राज गुर्जर ने बुधवार को एक खौफनाक कदम उठाया। बताया जा रहा है कि पारिवारिक विवाद और पिता की डांट के कारण वह मानसिक तनाव में था। आत्महत्या से ठीक पहले गिर्राज ने अपने भाई कोमल गुर्जर को फोन किया और कहा कि मेरी बाइक सड़क किनारे खड़ी मिलेगी और मैं पास के पेड़ पर लटका मिलूंगा। परिजन बदहवास होकर बताए गए स्थान पर पहुंचे, लेकिन तब तक गिरिराज की सांसें थम चुकी थीं।
दूसरी घटना:घर में फंदे पर लटका मिला
घर में ही फंदे पर लटका मिला 19 वर्षीय अनिकेत, दूसरी घटना अमोला थाना क्षेत्र के सिरसौद गांव की है, जहां गुरुवार सुबह करीब 7 बजे अनिकेत आदिवासी उम्र 19 वर्ष साल ने अपने घर में फांसी लगा ली। जिस समय यह घटना हुई, अनिकेत के पिता भगवानदास काम के सिलसिले में घर से बाहर थे,परिवार के अन्य सदस्यों ने जब अनिकेत को फंदे पर लटका देखा, तो घर में कोहराम मच गया। दोनों ही मामलों में स्थानीय पुलिस ने मर्ग कायम कर शवों का पोस्टमार्टम कराया और विवेचना शुरू कर दी है।