मीसाबंदी को अंतिम विदाई देने नहीं पहुंचे, BJP के जिला पदाधिकारी,या आयातित नेता

Bhopal Samachar

शिवपुरी। बीते रोज शिवपुरी के वरिष्ठ अधिवक्ता और भाजपा के मूल कार्यकर्ता  मीसाबंदी,लोकतंत्र सेनानी उत्तमचंद जैन का 89 वर्ष की आयु मे बीमारी के कारण निधन हो गया। गुरुवार को शिवपुरी के मुक्तिधाम में गार्ड ऑफ ऑनर के साथ पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। इस अंतिम विदाई के वेला में प्रशासनिक मशीनरी मौजूद थी,लेकिन इस अंतिम विदाई में भारतीय जनता पार्टी की शिवपुरी की नई नवेली जिला कार्यकारिणी गायब थी,यह अब चर्चा का विषय बन चुकी है।

मीसाबंदी उत्तमचंद जैन की अंत्येष्टि में अंत्येष्टि में कलेक्टर रविंद्र कुमार चौधरी और पुलिस अधीक्षक अमन सिंह राठौड़ सहित कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद थे।भाजपा की ओर से पूर्व विधायक और दर्जा प्राप्त पूर्व राज्य मंत्री प्रहलाद भारती,शिवपुरी के मंडल अध्यक्ष विपुल जैमिनी मौजूद थे।

2018 में मिला था ताम्रपत्र
मीसाबंदी लोकतंत्र सेनानी के रूप में उन्हें 26 जनवरी 2018 को तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा ताम्रपत्र से सम्मानित किया गया था। इसके अतिरिक्त, उन्हें हर वर्ष 15 अगस्त और 26 जनवरी को शॉल व श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया जाता रहा।

देश में जब आपातकाल लगा था और जनसंघ के नेताओं को कांग्रेस सरकार पकड पकड कर जेल में बंद रही थी,जब आपातकाल खत्म हुआ उसके बाद ही जनसंघ का विलय जनता पार्टी में कर दिया गया था। कुल मिलाकर कहने का सीधा सा अर्थ है कि मीसाबंदी भारतीय जनता पार्टी की जड़ है यह जडे मजबूत पार्टी निष्ठा और अपनी विचारधारा के लिए जानी जाती है इस कारण ही आज भारतीय जनता पार्टी विशाल वट वृक्ष का रूप ले चुकी है।

बीते रोज मीसाबंदी उत्तमचंद जैन का अंतिम संस्कार किया जा रहा था। उसी समय भारतीय जनता पार्टी शिवपुरी की घोषित नई कारणी का एक निजी होटल में स्वागत और अभिनंदन समारोह चल रहा था। भाजपा के प्रति निष्ठा रखने वाले लोग पार्टी के नीव के पत्थर मीसाबंदी को अंतिम प्रणाम करने भी नहीं पहुंची यह अब चर्चा का विषय है,लोगों का कहना है कि अगर मूल भाजपा होती तो यह नहीं होता इनमें से अधिकांश लोग तो आयातित है इसलिए पार्टी के मूल सिद्धांत और विचारधारा गायब है।