3 मंत्री देने वाली पोहरी जमीन पर खाद संकट, कभी भूखा रहना पडता-झेलना पड रहा है अपमान- Pohri News

पोहरी।
मप्र शासन में 3 मंत्री देने वाली पोहरी की जमीन पर सुशासन का सूखा हैं,किसानों को अपनी लड़ाई स्वयं लडनी पड रही हैं। जिम्मेदार आगे आकर किसानों की समस्या का समाधान नहीं निकाल पा रहे हैं। 24 घंटे पूर्व ही किसान अपने प्यासे खेतों के पानी के लिए 3 तक भूखे बैठे रहे,तब कही जाकर उनकी समस्या का समाधान हुआ है लेकिन पोहरी के बैराड़ तहसील में लगातार खाद संकट बना हुआ हैं इस कारण किसानों ने तहसील में हंगामा करना पडा।

पोहरी की जमीन पर आजकल पोहरी विधायक और मप्र शासन में राज्य मंत्री सुरेश राठखेडा के ग्रामीण दौरे भी पिछले दिनों संपन्न हुए थे,फिर भी उन्हें खाद संकट की आहट नहीं सुनाई नहीं दी-समझ से परे है कि यह कैसे दौरे थे।

जैसा कि विदित है कि पोहरी विधानसभा के रनिंग विधायक सुरेश राठखेडा मप्र शासन में राज्य मंत्री हैं। वही पोहरी की जमीन पर अपनी राजनीति शुरू करने वाले पूर्व विधायक प्रहलाद भारती वर्तमान में राज्य मंत्री दर्जा प्राप्त हैं वही भूतपूर्व विधायक नरेंद्र बिरथरे भी पोहरी से विधायक रह चुके हैं और वर्तमान में उन्हें भी राज्यमंत्री का दर्जा प्राप्त है। मप्र की राजनीति में 3 राज्यमंत्री देकर भी पोहरी में किसानों को अपनी समस्या को लेकर भूखा रहना पड़ता हैं,खाद के लिए हंगामा हो रहा है किसानों के खेतों को समय पर खाद पानी नहीं मिल रहा है यह भाजपा का कैसा सुशासन हैं समझ से परे हैं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार सोमवार की सुबह करीब आधा सैकड़ा से अधिक किसानों ने बैराड़ तहसील का घेराव किया। उनका कहना था कि घंटों कतार में लगने के बाद भी उन्हें खाद का टोकन नहीं दिया गया। समिति के कर्मचारियों ने 30.40 किसानों को टोकन देने के बाद काउंटर बंद कर दिया। जब समिति वालों से पूछा तो उनका कहना था कि 100 किसानों को टोकन दे दिया है। और अब टोकन नहीं मिलेंगे। जबकि मौके पर 100 किसानों का टोकन नहीं मिला था। इससे आक्रोशित किसान तहसील पहुंच गए इसमें कई बुजुर्ग किसान और महिलाएं भी शामिल थीं।

देवरी कला से आए किसान ने कहा कि पिछले 15 दिन से न तो डीएपी मिला है और न ही यूरिया । जरूरत पड़ी तो मैंने 450 रुपये का कट्टा खरीदा। इतना महंगा खाद हम कहां से खरीदेंगे। इसके लिए कर्जा करेंगे तो फिर उसे चुकाएगा कौन। अपनी परेशानी लेकर आई राधा यादव ने बताया कि मैं पिछले एक महीने से परेशान । आज सुबह 6 बजे आ गई थी। कर्मचारी ने कहा कि तुम हट जाओ नहीं हटोगी तो धक्का मार दूंगी।

मेरा पहला नंबर था जिसे बाद में 253 कर दिया। जब नंबर आया तो बोल दिया कि अब खाद नहीं मिलेगी। महीने भर से आ रही हूं लेकिन एक कट्टा खाद का नहीं मिला है। आए दिन अभद्रता का शिकार जरूर होना पड़ता है। जबकि खाद की गाड़ी तो आ रही है। उल्लेखनीय है कि दो दिन पहले ही बैराड़ में खाद का अवैध स्टॉक पकड़ा गया था। इसके बाद भी प्रशासन ने सबक नहीं लिया और किसानों के लिए पर्याप्त व्यवस्था नहीं बना पाए । जबकि कलेक्टर के सभी एसडीएम को स्पष्ट निर्देश थे कि यदि खाद वितरण में अव्यवस्था फैली तो यह उनकी जिम्मेदारी होगी।

किसान आज आए थे। उनका कहना था कि टोकन नहीं दिए गए हैं जिस पर किसानों को समझाया है। समिति वालों को भी निर्देश दिए हैं। उपलब्धता के अनुसार सभी किसानों को खाद दिलवाएंगे।
सुनील प्रभास, नायब तहसीलदार बैराड़