सिद्धि विनायक हॉस्पिटल: आयुष्मान कार्डधारी मरीज को आपरेशन से पहले बिल थमा दिया, एडवांस नहीं दिया तो मरीज को भगा दिया

शिवपुरी। खबर अभियान के रूप में चलाए जा रहे आयुष्मान कार्ड धारी योजना से जुडी हुई है। बताया जा रहा है कि एक आयुष्मान कार्डधारी मरीज का आपरेशन होना था और उसे सिद्धि विनायक हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया लेकिन हॉस्पिटल प्रबंधन ने आपरेशन से पहले ही उसे बिल थमा दिया जब उसने बिल देने से मना कर दिया तो उसे हॉस्पिटल से भगा दिया गया। इस मामले में मरीज ने सीएम हैल्पलाईन पर शिकायत दर्ज कराई है।

शिवपुरी की विधायक और मप्र सरकार की कैबिनेट मंत्री यशोधरा राजे के निर्देश पर कलेक्टर शिवपुरी अक्षय कुमार सिंह ने आमजन को केन्द्र सरकार की योजना का लाभ मिले कार्ड बनबाने के लिए अभियान तक चलाया गया,लेकिन अभियान का लाभ गरीबो को नही मिल रहा है। निजी हॉस्पिटल कार्ड धारी का इलाज नही कर रहे है। यह पहला मामला नहीं है। बल्कि इस अस्पताल में आए दिन इस तरह से आयुष्मान कार्ड धारियों को परेशान किया जाता है।

जानकारी के अनुसार राकेश जाटव पुत्र मनीराम जाटव उम्र 36 साल निवासी अमरपुर बैराड को हार्निया की शिकायत थी। जिसके चलते राकेश अपना कार्ड लेकर शहर के प्रायवेट चिकित्सालय सिद्धिविनायक पहुंचा जहां जाकर राकेश ने वहां पदस्थ डॉक्टर खान को दिखाया और कहा कि उसका आपरेशन होना है। जिसपर डॉक्टर खान ने उसे इस आॅपरेशन में 20 हजार रूपए का खर्चा होना बताया।

जिसपर राकेश ने कहा कि उसके पास आयुष्मान कार्ड है। जिसके चलते उसका पैमेंट आयुष्मान योजना से हो जाएगा। परंतु डॉ खान ने यह कहकर उसे चलता कर दिया कि यह सर्जरी आयुष्मान योजना में नहीं आती।  जिसके चलते राकेश जिला चिकित्सालय में बनाए गए आयुष्मान कक्ष में पहुंचे और वहां अपनी परेशानी बताई तो वहां पदस्थ कर्मचारीयों ने कहा कि आप सिद्धिविनायक पहुंचे और उनसे बोले कि आप तो सिर्फ रजिस्ट्रर्ड कर दे बांकि का पैमेंट वह कराएगें।

उसके बाद डॉ खान ने उक्त युवक को अपने अस्पताल में भर्ती कर लिया और दूसरे दिन आपरेशन की बात कही। परंतु जैसे ही आपरेशन का नंबर आया डॉ खान ने राकेश को 20 हजार की पर्ची थमा दी और कहा कि यह आॅपरेशन कार्ड से नहीं हो सकता अगर नगद 20 हजार दे दोगे तो आपरेशन हो जाएगा।

जिस पर राकेश वहां से सीधा शहर के वरदान अस्पताल पहुंचा और वहां जाकर कार्ड देकर आयुष्मान योजना से आपरेशन कराया। अब आपरेशन होने के बाद इस मामले की शिकायत राकेश ने सीएम हेल्प लाईन पर शिकायत क्रमांक 14423139 पर की। जहां सीएम हेल्पलाईन ने मामले में जल्द निराकरण का आश्वासन दिया।