किचिन से भडकी आग में नगदी सहित आंगनबाडी का समान भी राख: राख ने उगले कई सवाल - Shivpuri News

शिवपुरी। सोमवार की आधी रात धुवानी गांव में आंगनबाडी कार्यकर्ता के घर में आग लग गई। कार्यकर्ता की किचिन में लगी आग घर के बहार के कमरे में बनी आंगनबाडी में भी आग लग गई। इस घटना में घर में रखा समान नगदी सहित आंगनबाडी के रखा समान बच्चों के खिलौने सहित कागजात भी जलकर राख हो गए। इस घटना में सबसे बडा पहलू यह हैं कि आंगनबाडी भवन गांव में अलग से बना हैं फिर क्यो घर में आंगनबाडी का समान रखाा था।

जानकारी के अनुसार राजकुमारी सेंगर के पुत्र शिव सिंह ने पुलिस को रिपोर्ट दर्ज कराई है कि मैं छत पर सोने चला गया था। तभी रात 2 बजे के लगभग मुझे मेरी पत्नी अनीता ने जगाया तब मैंने उठकर देखा तो मेरी किचन में आग लगी हुई थी। तब मैंने गजेंद्र गोस्वमी, रतीराम बाढ़ई व कमलपुरी गोस्वामी ने आग बुझाई।

तब तक घर में रखे 13 हजार नगदी, इंडक्शन चूल्हा, मथानी फ्रीज, गैस चूल्हा, लकड़ी के रेक में रखे आंगनबाड़ी के दस्तावेज व अन्य खाद्य सामग्री जलकर राख हो गई है। शिवसिंह के अनुसार आंगनबाड़ी गांव के बाहर बनी हुई है।

इसमें एक वर्ष पहले चोरी हो चुकी है। इसके चलते मैंने आंगनबाड़ी के सभी दस्तावेज सहित सामान मेरे घर पर ही रख लिया था। घर से ही आंगनबाड़ी का संचालन किया जा रहा था। पुलिस ने फरियादी की रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर विवेचना में ले लिया है।

शासकीय भवन होने के बाद घर से संचालित किया जा रहा था केंद्र

गांव में लाखों की लागत से निर्मित हुए आंगनबाड़ी भवन होने के बाद भी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता द्वारा अपने घर पर आंगनबाड़ी केंद्र संचालित किया जा रहा था। इतना ही नहीं इसी प्रकार अधिकांश गांवों में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अपनी मनमर्जी से आंगनबाड़ी को संचालित कर रही हैं। इससे महिला बाल विकास विभाग की मॉनीटरिंग व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
दिखवाएं लेता हूं

आप के द्वारा मेरे संज्ञान में आया है कि धुवानी की आंगनवाड़ी में आग लग गई है। इसको में अभी दिखवाएं लेता हूं। देवेंद्र सुंदरयाल,जिला महिला बाल विकास अधिकारी