CCTV में ऑक्सीजन सपोर्ट हटाते दिख रहा है वार्ड बॉय, अधीक्षक ने दिए जांच के आदेश - Shivpuri News

शिवपुरी। जिला अस्पताल के कोविड वार्ड में मेें पदस्थ कर्मचारियों की लापरवाही अब धीरे-धीरे उजागर होने लगी हैं। बीते मंगलवार की रात कोविड वार्ड में भर्ती एक कोरोना मरीज को लगे ऑक्सीजन सपोर्ट को वहां मौजूद वार्ड वॉय ने हटाकर दूसरे मरीज को लगा दिया। जिससे शिक्षक सुरेंद्र शर्मा की सांस रूकने से मौत हो गई।

घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल स्टाफ पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए सीसीटीव्ही फुटेज की मांग की। लेकिन सुबह तक अस्पताल प्रबध्ंान गलती से इंकार करता रहा। बाद में जब मामला उच्च स्तर पर पहुंचा तो वार्ड में लगे सीसीटीव्ही फुटेज देखे गए जिसमें वार्ड में तैनात एक युवक मरीज को लगा ऑक्सीजन सपोर्ट हटाता दिखाई दिया।

जिससे यह स्पष्ट हो गया कि सुरेंद्र शर्मा की मौत स्टाफ की लापरवाही के कारण हुई है। जिस पर आनन-फानन में मेडीकल कॉलेज अधीक्षक एक तीन सदस्यीय टीम का गठन कर मामले की जांच के आदेश दिए हैं। जांच टीम में डॉ. अनंत कुमार राखोड़े प्राध्यापक एवं विभागध्यक्ष सहित आरएमओ डॉ. अनूप गर्ग और सहायक प्राध्यापक डॉ. शम्मी जैन को शामिल किया गया है। जिन्हें 48 घंटे में जांच पूरी करने का निर्देश दिया गया है।

जानकारी के अनुसार पिछोर के दुर्गापुर निवासी सुरेंद्र शर्मा को सांस लेने में तकलीफ के चलते अस्पताल के आईसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया गया था। रात करीब 11 बजे उन्हें काफी तकलीफ हो रही थी, उसी समय वार्ड वॉय वहां आया और उसने पहले हाथों में दस्ताने पहनकर उनके सीने को सहलाया बाद में वहां मौजूद एक नर्स ने ऑक्सीजन सप्लाई का स्वीच बंद कर दिया।

इसके बाद वार्ड वॉय आक्सीजन सपोर्ट को निकालकर किसी दूसरे मरीज को लगाने चला गया। ऑक्सीजन न मिलने से सुरेंद्र शर्मा की सांसे रूक गई। मृतक के बेटे दीपक शर्मा ने स्टाफ पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए वार्ड में लगे सीसीटीव्ही कैमरे की फुटेज मांगी। लेकिन अस्पताल प्रबंधन अपनी लापरवाही मानने का तैयार नहीं था और मृतक के परिजनों को सीसीटीव्ही फुटेज दिखाने से इंंकार कर दिया।

इस पर परिजनों ने वहां हंगामा कर दिया। भाजपा प्रदेश कार्य समिति के सदस्य धैर्यवर्धन शर्मा ने मोर्चा संभाला और घटना की जानकारी भोपाल स्तर पर दी। जिस पर मामला उच्च स्तर पर पहुंचने के बाद मेडीकल कॉलेज के डीन ने सीसीटीव्ही फुटेज मांगे इसके बाद परिजनों को दिखाए, जिसमें अस्पताल प्रबंधन की लापरवाही स्पष्ट नजर आ रही थी। घटना के बाद सीएमओ एएल शर्मा भी मौके पर पहुंच गए।

जिन्होंने परिजनों से चर्चा की। बाद में मामला बढ़ता देख मेडीकल कॉलेज के अधीक्षक ने जांच के आदेश जारी कर एक टीम का गठन कर दिया। इसके बाद परिजन वहां से हटे और मृतक का अंतिम संस्कार कराने पर राजी हुए।

इनका कहना है-
मृतक सुरेंद्र शर्मा के पुत्र दीपक द्वारा उन्हें अस्पताल प्रबंधन की लापरवाही से पिता के मौत की जानकारी दी गई थी। श्री शर्मा के पुत्र ने जो आरोप लगाए थे, उनकी गंभीरता सीसीटीव्ही कैमरे के फुटेज में देखी गई, जिसमें ऑक्सीजन सपोर्ट हटाते हुए वार्ड वॉय दिखाई दिया है। उस समय मौके पर डॉ. राहुल ड्यूटी पर थे, जो ऑक्सीजन सपोर्ट हटाने की बात से इंकार कर रहे हैं और उनका यह झूठ फुटेज मेें सामने आ गया है। मैंने कमिश्रर सहित मेडीकल कॉलेज के डीन और सीएमएचओ से चर्चा कर कार्रवाई करने की बात कही है। जिस पर जांच का आदेश जारी कर दिया है। मैं मृतक के परिवार के साथ उस समय तक खड़ा रहूंगा जब तक उन्हें इंसाफ नहीं मिलेगा।
धैर्यवर्धन शर्मा

भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य
मैं अभी बैठक में हूं। बैठक समाप्त होने के बाद मामले को दिखवाता हूं।
एएल शर्मा, सीएमएचओ शिवपुरी