नरवर के नरौआ पंचायत में जमकर भ्रष्टाचार, लाखों रूपए की राशि को लगा दिया ठिकाने / narwar News

नरवर। जिले के नरवर थाना क्षेत्र के ग्राम नरौआ में भ्रष्टाचार चरम पर है जहां सरपंच, सविच और रोजगार सहायक ने ग्राम पंचायत में भ्रष्टाचार को चरम पर ले जाने में कोई कसर नहीं छोडी है। जहां कामों के नाम पर पैसे तो निकाले जाते हैं लेकिन ग्राम पंचायत में काम सिर्फ कागजों में दिखते है। धरातल पर कम कही  भी दिखाई नहीं देता।

भ्रष्टाचार की लिस्ट लंबी है जिसमें विधायक निधि के नाम पर निकाले गए पैसे, गांव के रास्ते में मुरंम डलबने के नाम पर पैसे, यात्रा प्रतिशालय के नाम पर निकाले गए पैसे, मनरेगा के काम को मजदूरों द्वारा काम ना करवाते हुए काम मशीनों से करवाया। वहीं अंतिम सूची में किसी के भी मृत परिवार को पैसे नहीं मिले है। इन सब घूटालों का एक ही कनेंक्शन जो सरपंच, सचिव और रोजगार सहायक की मिली भगत से हुआ है। जिसके चलते ग्रामीण काफी परेशान है, जिसके चलते उन्होने कई जहां पर शिकायत की लेकिन आज दिनांक कोई सुनवाई नहीं हुई

नरवर क्षेत्र ग्राम पंचायत नरौआ में सरपंच धर्मेद्र सिंह परिहार, सचिव बलबीर सिंह जाटव, रोजगार सहायक बल्ली प्रजापती ने ग्राम नरौआ में इस कदर भ्रष्टाचार किया है जिसकी कोई नहीं है। जिनमें शामिल है जहां
विधायक निधि से पोहरी पूर्व विधायक प्रहलाद भार्ती द्वारा भवन बनाने के लिए 25 लाख थे। लेकिन आज दिन तक भवन नहीं बन पाया है जहां उस भवन में दीवारे अब खंडर होती जा रही है और अब उस अधूरे भवन में सिर्फ गाय आराम फरमाती हैं।

वहीं दूसरी तरफ अमरू राम प्रजापति की ढेर पर मुरम ढलबाने के नाम दिनाक 24/07/2019 को करीब 44 हजार रूपए निकाले थे जहां आज दिनांक तक रास्ते पर ना तो मुरम ढली है और ना ही रास्ते को सुधारा गया है। जहां निकासी के लिए जगह ना होने से आए दिन रास्ते में पानी भर जाता जिसके चलते राहगीरों को काफी समस्याएं आती है।

इस भ्रटाचार में शामिल यात्रा प्रतिक्षलय के नाम पर 1 लाख रूपए निकाला गया लेकिन पैसे निकले के बावजूद भी आज तक यात्रा प्रतिक्षालय बनने की प्रतीक्षा कर रहा है।

बता दें कि रोजगार सहायक बल्ली प्रजापती द्वारा कराया जा रहा बीते और हाल वर्ष के काम भी मशीनों द्वारा करा लिए जिसमें मजदूरों के फर्जी साईन करके पैसे निकाल लिए गए और मजदूर मजदूरी से बंचित रह गए। जिसमें शामिल गौशाला का काम भी जहां जैसे-तैसे नाम की गौशाना का अधूर काम करके करीब 25 लाख रूपए निकाल लिया है। हद तो तब हो गई जब सरपंच, सचिव और रोजगार सहायक अंतिम सूची के तहत मृतक के परिजनों को मिलने वाले 5 हजार रूपए भी गवन कर गए।

इसके अलावा भी ग्राम पंचायत में लाखों रूपए का भ्रष्टाचार हो गए है और आए दिन तीनो ग्राम पंचायत में भ्रष्टाचार करते रहते हैं जिनकी सिकायतों तो बहुत होनी हैं लेकिन कार्यवाही आज तक नहीं हुई। इसकी एक खास वजह यह भी है कि सचिव बलवीर सिंह जाटव करैरा पूर्व विधायक जसवंत जाटव के खास आदमी हैं जो शिकात होने पर आज तक किसी भी प्रकार की कार्यवाही नहीं होने देते। जिसके चलते ग्राम पंचायत में आए दिन भ्रष्टाचार हो रहा जहां ग्रामीण बहुत परेशान हैं और उनकी कोई सुनवाई नहीं हो रही है।