MP BOARD की लापरवाही के कारण छात्र प्रदेश की मैरिट लिस्ट में आने से वंचित रह गया, जिले मे नही आ सका / Pichhore News

पिछोर। जिले की पिछोर तहसील नगर के सरस्वती विदया मंदिर में पढने वाले छात्र आस्तिक शर्मा को माध्यमिक शिक्षा मंडल की घोर लापरवाही का बडा खामियाजा भुगतना पडा हैं। 10वीं बोर्ड परीक्षा देने वाले छात्र आस्तिक शर्मा का नाम प्रदेश की टॉप-10 सूची में 10वें स्थान पर होना चाहिए, लेकिन माशिमं बोर्ड की गलती से आस्तिक जिले की मैरिट सूची में भी स्थान नही बना सका।

छात्र आस्तिक का कहना हैं कि कक्षा 10वीं बोर्ड परिक्षा में उसके विज्ञान विषय छोडकर सभी विषयो में डिस्टेंक्शन मार्कस थे ओर उसको 97 फीसदी अंक हासिल हुए थे,लेकिन विज्ञान विषय में उसको 80 में से सिर्फ 53 अंक मिले थे। इस पर माशिमं बोर्डस जब आनलाईन उत्तर पुस्तिका निकलवाई गई तो टोटल 53 अंको के स्थान पर 78 निकला। इस तरह एक छात्र के साथ माशिमं बोर्ड द्धारा ना-इंसाफी करते हुए उसे प्रदेश की टॉप 10 सूची में आने से वंचित कर दिया गया।

उत्तर पुस्तिका निकलवाने पर हुआ खुलासा

सरस्वती विदया मंदिर पिछोर के प्रभारी प्राचार्य अजय भार्गव का कहना हैं कि विज्ञान विषय को छोडकर आस्तिक के सभी विषयो में बहुत अच्छे अंक आए थे। इस संबंध में छात्र ने जब अपने विज्ञान विषय के शिक्षक अजय से संपर्क किया तो विज्ञान में 53 अंक आने वाले बोर्ड से अपनी परीक्षा की उत्तर पुस्तिका मंगवाई गई। कॉपी देखने पर ज्ञात हुआ कि उत्तर पुस्तिका की कॉफी पर आगे के पेज पर जो टोटल लिखा 53 लेकिन जोडने पर 78 हो रहा था।

बताया जा रहा हैं कि छात्र आस्तिक के 400 में से 388 अंक प्राप्त करे हैं। अगर विज्ञान में शिक्षक की लापरवाही नही होती तो अंको का टोटल बड जाता तो वही प्रदेश की मैरिट सूची मे भी अपना दर्ज करता और जिले की मैरिट में टॉप पर होता।