शिवपुरी में कागजों पर सिमटे कलेक्टर के आदेश, फोरलेन पर मिली कुचली हुई तेंदुए की लाश

Adhiraj Awasthi

शिवपुरी। शिवपुरी जिले का NH-27 बना वन्यजीवों का डेथ जोन बन चुका है,बीती रात सुरवाया थाना सीमा में फोरलेन पर एक तेंदुए की कुचली हुई लाश मिली है,माना जा रहा है कि तेंदुआ सड़क क्रॉस कर रहा होगा और किसी बडे वाहन ने उसे कुचल दिया और उसकी मौत हो गई। तेंदुआ नर और उसकी उम्र 3 से 4 साल के बीच बताई जा रही है।

सुरक्षित जंगल वन्यजीवो के लिए बना काल
जिस जंगल को वन्यजीवों का सुरक्षित घर माना जाता है, वहीं मां बलारी मेले के नाम पर हुए भारी शोर-शराबे और प्रतिबंधित डीजे की धमक ने इस तेंदुए को अपनी मांद छोड़कर मौत के हाईवे पर आने को मजबूर कर दिया। प्रशासन के तमाम दावों और प्रतिबंधों की धज्जियाँ उड़ाते हुए जंगल के भीतर मची भगदड़ ने यह साबित कर दिया कि इंसानी मनोरंजन के आगे वन्यजीवों की सुरक्षा का विजन शिवपुरी में दम तोड़ रहा है।

मेले में निर्देशों का नहीं हुआ पालन
चैत्र नवरात्र (19 से 27 मार्च) के दौरान मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। मेले को लेकर पहले ही बैठक में डीजे, लाउडस्पीकर और पशु बलि पर प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन इनका पालन नहीं हो सका। 24 और 25 मार्च को भी बड़ी संख्या में लोग जंगल क्षेत्र में पहुंचे और लाउडस्पीकर बजाए गए। प्रतिबंध के बावजूद पशु बलि की भी जानकारी सामने आई है।

पार्क प्रबंधन का कहना है कि शोर और अव्यवस्था के कारण वन्य जीव घबराकर बाहर आ गए, जिससे यह हादसा हुआ। टाइगर रिजर्व प्रबंधन ने तेंदुए के शव को कब्जे में ले लिया है। गुरुवार को उसका पोस्टमार्टम कराया जाएगा।