नपाध्यक्ष चुनाव: अप्रत्यक्ष होने से पार्षद पद के लिए होगा जबरदस्त घमासान, ये हैं अध्यक्ष पद की रेस में- Shivpuri News

शिवपुरी।
नगर पालिका अध्यक्ष का पद 2 साल पहले हुए आरक्षण में सामान्य महिला के लिए आरक्षित किया गया था। लेकिन अब नए सिरे से आरक्षण हो रहा है और 31 मई को भोपाल में यह तय होगा कि शिवपुरी नगर पालिका अध्यक्ष पद किस वर्ग के खाते में जाता है। लेकिन उम्मीद यह है कि सामान्य महिला, सामान्य और पिछड़ा वर्ग महिला में से किसी एक की लॉटरी खुलेगी।

नपाध्यक्ष पद के लिए दावेदार सक्रिय हो गए हैं और उन्होंने उन वार्डो पर नजर टिकाना शुरू कर दी है, जहां से वह पार्षद पद का चुनाव लड़ेंगे। नगर पालिका अध्यक्ष पद हेतु अप्रत्यक्ष पद्धति से चुनाव होने के कारण पार्षद पदों पर इस बार जोरदार घमासान देखने को मिलेगा। दावेदार अपने-अपने वार्डों में सक्रिय हो गए हैं। सामान्य महिला के लिए अध्यक्ष पद आरक्षित होने पर उन्होंने यह सोच विचार भी शुरू कर दिया है कि वह अपनी पत्नी और घर की महिलाओं को किस वार्ड से चुनाव लड़ाएंगे।

नगर पालिका अध्यक्ष पद का चुनाव अप्रत्यक्ष पद्धति से होने की खबर से उन दावेदारों की बांछे खिल गई हैं जो साम दाम दंड भेद की राजनीति में माहिर हैं। उन्हें लग रहा है कि पार्षद पद का चुनाव जीतने के बाद अध्यक्ष पद उनकी जेब में हैं। यह तय लग रहा है अध्यक्ष पद के चुनाव में पार्षदों की बडी मंडी सजेगी और आशंका है कि एक-एक पार्षद को वोट देने के लिए 10 से 20 लाख रुपए तक का ऑफर दिया जाएगा। अध्यक्ष पद का चुनाव प्रत्यक्ष पद्धति से होने से पार्षद पद के चुनाव में इतना घमासान देखने को नहीं मिलता।

क्योंकि अध्यक्ष पद के दावेदार इसी चुनाव में सक्रिय हो जाते। जिसे टिकट मिलता वह पार्टी से चुनाव लड़ता और जिसे नहीं मिलता वह निर्दलीय रूप से चुनाव मेैदान में आ डटता। अध्यक्ष पद के दावेदार मुख्य रूप से वार्ड क्रमांक 1, 3, 4, 5, 6, 7, 9, 10, 11, 12, 18 और 19, 37 में सक्रिय हैं। इन वार्डो में इस बार जोरदार घमासान देखने को मिलेगा। अध्यक्ष पद सामन्य वर्ग के लिए आरक्षित होने पर बड़े-बड़े बाहुबली और धनाढ्य सक्रिय होने लगे हैं। पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष जितेंद्र जैन की नजर वार्ड नम्बर 9 और वार्ड नम्बर 4 से है।

वार्ड नम्बर 9 सामान्य महिला के लिए आरक्षित है और यदि अध्यक्ष पद सामान्य वर्ग के लिए आरक्षित हुआ तो श्री जैन वार्ड क्रमांक 4 से चुनाव लड़ सकते हैं। अध्यक्ष बनने का सपना उनके बेहनोई राकेश गुप्ता भी पाल रहे हैं और अध्यक्ष पद के लिए दोनों के बीच टकराव भी संभावित है। श्री जैन के साडू पूर्व पार्षद रत्नेश जैन डिम्पल की नजरें भी अध्यक्ष पद पर हैं। सामान्य महिला के लिए अध्यक्ष पद आरक्षित होता है तो वह अपनी पत्नी को वार्ड क्रमांक 9 से चुनाव लड़ाएंगे और सोशल मीडिया पर उन्होंने इसकी घोषणा भी कर दी है।

सूत्रों के अनुसार वार्ड 9 से चुनाव लडऩे को लेकर उनका अपने साड़ू से टकराव होने की भी खबरें हैं। शिवपुरी के अरबपति धनाढ्यों में शामिल कपिल जैन पत्ते वाले की नजर भी अध्यक्ष पद पर है और वह वार्ड क्रमांक 5 से चुनाव लडऩे का मंसूबा पाल रहे हैं। भाजपा नेता तरुण अग्रवाल की नजरें भी इसी वार्ड पर हैं। भाजपा के पूर्व जिला उपाध्यक्ष तेजमल सांखला सामान्य महिला के लिए आरक्षित होने पर अपने परिवार की किसी महिला के लिए संभावनाएं टटोलने में जुटे हैं। इसी वार्ड में पूर्व पार्षद मनीष गर्ग मंजू भी अध्यक्ष बनने की महत्वाकांक्षा पाले हैं।

पूर्व नगर पालिका उपाध्यक्ष भानू दुबे यशोधरा राजे सिंधिया के समर्थन के बलबूते अध्यक्ष बनने की फिराक में हैं और सूत्र बताते हैं कि उनके वार्ड क्रमांक 34 और वार्ड क्रमांक 4 पर नजर है। पूर्व नगर पालिका उपाध्यक्ष अनिल शर्मा अन्नी भी अध्यक्ष बनने की दौड में हैं। उनकी पत्नी भी नगर पालिका पार्षद रह चुकी हैं और नपाध्यक्ष पद यदि सामान्य महिला या सामान्य वर्ग के लिए आरक्षित हुआ तो दोनों स्थिति में वह ताल ठोकेंगे।

भाजपा जिला उपाध्यक्ष हेमंत ओझा का सपना भी नपा अध्यक्ष बनने का है। मौका पड़ा तो वह अपनी पत्नी को भी चुनाव लड़ाने के लिए तैयार हैं। कांग्रेस में भी अध्यक्ष पद के दावेदारों की कमी नहीं है। पूर्व नपा अध्यक्ष जगमोहन सिंह सेंगर, रामसिंह यादव, एपीएस चौहान, मोहित अग्रवाल, नरेंद्र जैन भोला अध्यक्ष बनने का मंसूबा पाले हैं और वे किस वार्ड से चुनाव लडे इस पर गहन चिंतन मनन में लगे हैं।

महत्वाकांक्षा तो पूर्व नपाध्यक्ष मुन्नालाल की भी कम नहीं

नगर पालिका अध्यक्ष पद के स्वाद से पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष मुन्नालाल कुशवाह बखूबी परिचित हैं। इस कारण इस बार भी नगर पालिका अध्यक्ष पद से उनकी रूचि कम नहीं हुई है। वह स्वयं तो चुनाव नहीं लडेंगे। लेकिन चर्चा है कि वह अपने पुत्र या परिवार की किसी महिला को चुनाव लड़ा सकते हैें। पिछड़ा वर्ग महिला के लिए नपाध्यक्ष पद यदि आरक्षित होगा तो वह कोई कसर नहीं छोडेंगे ऐसी चर्चा है।