यहां पंचायत को ही कर लिया गया हाईजैक: दलित महिला सरपंच है केवल मोहर, पद से प्रथक की मांग - kolaras News

शिवपुरी। ग्रामो के विकास के लिए लोकतांत्रिक सरकार चुनी जाती है। भारत को लोकतंत्र का मंदिर कहा जाता हैं,सरपंच तक का चुनाव भी जनता द्धवारा किया जाता है लेकिन कोलारस विभाग की एक पंचायत में जनता ने एक महिला सरंपच को चुना लेकिन वहां सरपंच केवल एक मोहर हैं इस पंचायत को गांव के एक दबंग रघुवशी ने हाईजैक कर लिया। ग्रामीणो ने इस बात का विरोध करते हुए आज्र कोलारस एसडीएम को ज्ञापन सौपते कार्यवाही और सरपंच को पद से प्रथ्क करने की मांग की है।

जानकारी के अनुसार कोलारस अनुविभाग मे आने वाली पंचायत लुकवासा के उपसरपंच शिवराज के साथ सैकडो ग्रामीणो ने आज कोलारस एसडीएम को आज जनसुनवाई में एक ज्ञापन सौंपा हैं सौंपे गए आवेदन के अनुसार ग्रामीणो ने कहा हैं कि हमने अपना वोट देकर गांव की श्रीमति रीना जाटव को अपना सरंपच चुना हैं।

उक्त सरपंच कर्तव्यों के प्रति पूरी तरह से उदास लापरवाह,गैर जिम्मेदार हैं सरंपच ने अपने पूरे कार्यकाल में उक्त महिला कभी भी पंचायत की बैठकों, ग्राम सभाओं व अन्य कार्यक्रमों में उपस्थित नहीं हुयी हैं। कहने को लुकवासा ग्राम पंचायत की सरपंच श्रीमति रीना जाटव हैं,लेकिन सरंपच के पूरे अधिकारी गांव के ही दीपक रघुवंशी के पास हैं।

गांव के सभी निर्माण कार्य,योजनाओ का क्रियान्वयन दीपक रघुवंशी करता है। दीपक रघुवंशी के संरक्षण में घटिया सामग्री का उपयोग कर निर्माण कार्य कराते हैं। पूरे कार्यकाल में ग्राम पंचायत में कोई भी विकासकार्य नहीं किये है और जो विकासकार्य हुये है वे अत्यंत घटिया स्तरहीन है।

पंचायत के निवासियों को शासन की योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा हैं। शौचालय निर्माण प्रधानमंत्री आवास योजना, सबल योजना, वृद्धावस्था पेंशन योजना सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के हितग्राहियों को भी कोई लाभ नहीं मिला है।

खाद्यान्न वितरण में भी भारी अव्यवस्था व्याप्त है,नियमित नासिक रूप से खाद्यान्न वितरित नहीं होता है। ग्रामीणो ने अपने सौंपे ज्ञापन में मांग की है कि रीना जाटव के कार्यकाल की तत्काल उच्च स्तरीय जांच करायी जाकर उसे पद से पृथक किया जाए।