CMHO SHIVPURI का कोविड 19 की जांचो में काला आदेश, शहर में कोरोना को डोनेट का कारण बनेगा - Shivpuri News

शिवपुरी। जिले में कोरोना संक्रमण की रफ्तार बुलैट ट्रेन से भी तेज चल रही हैं, प्रतिदिन मौते हो रही हैं और अब तो डेडबॉडी भी बदलने की खबर आ रही है,प्रदेश के मुखिया कहते हैं कि व्यवस्थाओ में कोई कमी नही आऐगी स्वास्थ्य सुविधाओ को विस्तार किया जा रहा हैं, अगर सीएम यह कह रहे है तो 100 प्रतिशत झूठ बोल रहे है,अगर ऐसा नही हैं तो जिले के CMHO का पद प्रदेश की मुखिया से बडा है।

इस समय कोरोना की चैन तोडने के लिए सभी प्रयास किए जा रहे हैं,आर्थिक गतिविधिया रूकी हैं,स्कल कॉजेज सब बंद,मजदूर भूखे पेट सो रहे है,कारण सिर्फ 1 कि हमे कोरोना को हराना है।

जिले में कोरोना कर्फ्यू लगा हैं। इस कर्फ्यू को हम मेडिकल कर्फ्यू भी कह सकते हैं देश में मेडिकल इमरजेंसी लगी है। लोग कोरोना से भयभीत हैं,वर्तमान समय की बात करें तो वायरल ने घर ने घर में दस्तक दे दी हैं, कई घर तो इस समय ऐसे हैं जो पूरा का पूरा बीमार है।

कोरानो की चैन तोडने के लिए जांच एक हथियार हैं। सभी कह रहे हैं कि अगर आपको लक्ष्ण दिखते है तो आप जांच कराए,लेकिन अब तो जांचो पर ही पहरा लगा दिया हैं। अगर जांच नही होगी तो सक्सपेड व्यक्ति समाजिक होकर कोरोना को डोनेट करेगा।

स्वास्थय विभाग ने अपनी नाकामी छुपाने के लिए अब कोविड 19 की जांचो की संख्या सीमित कर दी। सीएमएचओ कार्यालय शिवपुरी के एक आदेश सोशल पर वायरल हो रहा हैं इस आदेश के तहत अब जिले में 500 जांचो से की मात्रा अधिक नही होगी। यह ओदश शहर को डराने वाला हैं।

इस आदेश मे शिवपुरी के जिला अस्पताल में कोविड 19 की मात्र 100 जांच होगी,वही खनियाधााना में 40 जांच, पिछोर में 50 जांच,करैरा में 50 जांच,नरवर में 40 जांच,सतनवाडा में 40 जांच, पोहरी में 40 जांच, कोलारस में 40 जांच,बदरवास में 40 जांच ओर शिवपुरी शहर के कमलागंज चिकित्सालय में 20 जांच ओर जवाहर कॉलानी के पीएचसी में 20 जांच होगी,इस प्रकार जिले में 500 मरीजो की जांच होगी और शहर का कोटा रहेगा मात्र 140 जांचो का। 140 जांच में पूरा नगरीय क्षेत्र और ग्रामीण क्षेत्र भी रहेगा जो शिवपुरी शहर से लगा हुआ हैं।

कोरोना की दूसरी लहर में जिले में लगभग 550 से 600 जांच कोविड 19 की जा रही हैं,ऐसे में जांचो की सख्या ओर अधिक करनी थी लेकिन अब कोविड 19 की जांच पर पहरा लगा दिया हैं। इस आदेश से पूर्व ही स्वास्थय विभाग पर आरोप लग रहे थे कि वह जांचे नही कर रहा हैं। एक पिता को अपनी बेटी की जांच कराने के लिए एक युद सा लडना पडा था और शिवपुरी में हो रही जांचो की पोल खोली।

अगर CMHO के आदेश का पालन होता हैं और जांचे कम अनुपात में होगी,और जिसे लगता हैं कि उसमें कोरोना के लक्षण हा रहे हैं वह जांच कराने जाता हैं और उसकी जांच नही होती है तो वह घर पर वापस आऐगा,अगर उसमे कोरोना के लक्ष्ण हो तो वह सबसे पहले अपने ही घर पर ही कोरोना डोनेट करेगा उसके बाद समाज में,अगर ऐसा होता हैं तो मान ले कि यह आदेश कोरोना को डोनेट करने वाला होगा।

जैसा ही इस आदेश की प्रति सोशल पर वायरल हुई तो जमकर लोगो ने इस पर गुस्सा निकाला,लोग सोशल पर इस आदेश का विरोध कर रहे हैं। इस मामले में उनसे बात करने की कोशिश की गई तो फोन तो उठा लेकिन यह कहकर काट दिया गया कि अभी मीटिंग में हूं और 10 मिनिट बाद बात करता हूं।