कोरोना की दूसरी लहर की ऊंचाई: 381 वे दिन 81 पॉजीटिव, 7 दिन में 295 पॉजीटिव - Shivpuri News

शिवपुरी। कोरोना की दूसरी लहर की उंचाई प्रतिदिन बढ रही हैं। कोरोना काल के दिनो की गणना करे तो शिवपुरी के लिए 381वां दिन शिवपुरी के लिए सबसे बुरा दिन कहे तो कोई अतिशोयक्ति नही होगी क्यो की 7 अप्रैल के दिन 81 मरीज पॉजीटिव निकले हैं यह आंकडा आज तक का सबसे बड़ा आंकड़ा हैं।

मेडिकल कॉलेज शिवपुरी की आरटीपीसीआर और रेपिड एंटीजन टेस्ट रिपोर्ट में बुधवार को रिकार्ड 81 पॉजिटिव केस सामने आए हैं। पूरे कोरोना काल में अब तक के सबसे अधिक मरीज सामने आए हैं। इससे पहले पिछले साल 6 सितंबर 2020 को सबसे अधिक 75 पॉजिटिव केस थे। इसी बात से अंदाजा लगाया जा सकता है के कोरोना संक्रमण कितनी तेजी से फैल रहा है। यदि इस समय नहीं संभले तो हालात बहुत बुरे हो सकते हैं।

स्वास्थ्य विभाग ने बुधवार को 883 सैंपल टेस्ट रिपोर्ट जारी की हैं, जिसमें कुल 81 पॉजिटिव केस मिले हैं। आरटीपीसीआर 727 सैंपल टेस्ट में 77 और रेपिड एंटीजन टेस्ट 156 में 4 पॉजिटिव मामले सामने आए हैं। इसी के साथ शिवपुरी जिले में एक्टिव केस बढ़कर 333 पहुंच गए हैं।

पॉजिटिव केस लगातार बढ़ने से एक्टिव केस बढ़ते ही जा रहे हैं। फरवरी की तुलना में मार्च में हालात सबसे बदतर रहे। लेकिन अब मार्च की तुलना में अप्रैल में हालात बद से बदतर नजर आने लगे हैं। जिले में अब कुल मरीजों की संख्या 4429 हो गई है जिसमें से कुल 4066 स्वस्थ हो चुके हैं।

आइसोलेशन वार्ड में 15 मरीजों को भर्ती रखा गया है। जबकि 233 मरीज होम आइसोलेशन और 16 मरीज हॉस्पिटल आइसोलेशन में रह रहे हैं। बुधवार को 10 मरीज स्वस्थ हो गए हैं, फिर भी एक्टिव केस बढ़कर 333 पहुंच गए हैं।

पिछली साल अप्रैल में एक भी केस नहीं था

पिछले साल के आंकड़ों पर गौर करें तो मार्च में सिर्फ 2 पॉजिटिव केस मिले थे। लॉकडाउन लग जाने से अप्रैल में एक भी कोरोना का केस सामने नहीं आया। नए साल में फरवरी में 12 नए केस आए और मार्च में 192 हो गए और अप्रैल में हालात बेकाबू नजर आ रहे हैं।

फरवरी में 12, मार्च में 192 और अप्रैल में 295 केस

फरवरी महीने में कोरोना के महज 12 नए केस सामने आए थे। लेकिन मार्च महीने में संक्रमितों की संख्या फिर से बढ़ने लगी और पूरे महीने में कुल 204 नए मरीज सामने आए थे। लेकिन अब अप्रैल महीने के पहले ही सप्ताह में 295 कोरोना के नए केस सामने आ गए हैं। जिले में कोरोना अब कई गुना रफ्तार में फैलता दिख रहा है।

नाके स्थापित होने के बाद भी हालात बेकाबू

बाहर से आने वाले लोगों की एंट्री के लिए प्रशासन ने चारों तरफ नाके बनाकर कर्मचारियों की चौबीस घंटे ड्यूटी लगा दी है। नाके लगने के बाद भी हालात बेकाबू नजर आ रहे हैं। नाकों की स्थिति पर गौर करें तो यहां तैनात कर्मचारी सिर्फ औपचारिकता भर निभाते नजर आ रहे हैं। कई वाहनों को रोककर नामों की एंट्री ठीक से नहीं हो पा रही है।