डॉक्टरो ने हाथ भी नही लगाया प्रसूता को, दर्द से तड़प-तड़प कर जच्चा-बच्चा की मौत / SHIVPURI NEWS

शिवपुरी। खबर जिला अस्तपाल शिवपुरी से आ रही हैं जहां कोरोना फाईटर का तमगा पा चुके डॉक्टरो की फिर बडी लापरवाही सामने आ रही हैं। कोरोना काल में अस्पताल में प्रसव कराने आई प्रसूता को डॉक्टरो ने हाथ भी नही लगाया और उसने दर्द से तड़प तड़प कर दम तौड़ दिया। 

जानकारी अनुसार रानी उम्र 26 साल पत्नि आनंद सैन निवासी नयागांव को प्रसव होना था। परिजन उसे बीती 19 जून को दोपहर 2 बजे जिला अस्पताल लेकर आए थे। 19 जून को प्रसूता अस्पताल में भर्ती थी। बताया जा रहा है आज सुबह लगभग 4 बजे प्रसूता सुशीला को तेज दर्द की होने लगा।

प्रसूता के साथ उसकी सांस और मां थी दोनो ने वहां उपस्थित स्टाफ और डॉक्टरो से कहा कि सुशीला को तेज दर्द हो रहा हैं और उसकी हालत खराब हो रही हैं। रानी की मां सुशीला ने बताया कि वहां उपस्थित डॉक्टरो ने उसके पलंग पास जाकर देखकर मुनासिब नही समझा और एक नर्स से रात 2 बजेएक इंजेक्शन लगवा दिया।

लेकिन उसकी हालत में कोई सुधार नही हो रहा था। वह दर्द से तड़प रही थी हम बार-बार स्टॉफ के पास जा रही थे। लेकिन स्टॉफ इलाज करने के बजाय हमेशा ही फटकार कर भगा रहा था। सुबह आज 4 बजे उसे एक इंजेक्शन लगाया गया इस इंंजेक्शन के लगते ही रानी दर्द के कारण बेहोश हो गई फिर उसने आंखे नही खोली। डॉक्टरो की इस गंभीर लापरवाही के कारण एक जच्चा बच्चा की मौत हो गई।

सुशीला की मौत के बाद उसके परिजनो ने हंगामा शुरू कर दिया। मीडिया भी पहुंची लेकिन सवालो के जबाव देने कोई भी जिम्मेदारी सामने नही आए। खबर लिखे जाने तक अस्पताल में कोतवाली पुलिस पहुंच चुकी थी और परिजनो से बातचीत करने का प्रयास कर रही थी।

मृतक रानी की सास ने बताया कि हम जब रानी को लेकर अस्पताल पंहुचे ता शुरूवात से ही लापरवाही बरती जा रही थी। जब भी दर्द हो रहा था और हम स्टाफ के पास जाते थे वह हमसे कहते थे की अभी नही हो रहा हैं बच्चा। हमे पता है कब होगा। रानी को लगातार तेज दर्द हो रही था। डॉक्टर ओर नर्सो ने उसे हाथ भी नही लगाया। मेरी बहू दर्द से तड़प पड़प कर मरी गई।