भ्रष्ट अधिकारी बायके सिंह पर ने दे रखी है किसानों को लूटने की खुली छूट: कल्याण सिंह यादव / Shivpuri News

शिवपुरी। आज किसानों की समस्या को लेकर भारतीय किसान संघ सडक पर उतर आया है। इसके चलते आज किसान संघ ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है। इस ज्ञापन में बताया गया है कि कोरोना महामारी के चलते जब लोग महामारी के डर से घरों में बंद थे। प्रायवेट चिकित्सक भी अपने अपने दवाखाने बंद कर घरों में दुबक गये थे। ऐसे समय में किसानों ने अपनी जान की परवाह किये बगैर फसल पैदा कर, तैयार कर देश के भण्डार भरने के अपने कर्तव्य को निभाया।

अब बारी सरकार की एवं शासन प्रशासन की अपनी जबाबदारी निभाने की है। इस जबाबदारी में कमी के कारण प्रदेश का किसान निम्न समस्याओं से जूझ रहा है गेंहूं उपार्जन में पंजीकृत किसानों में से अभी 3,00,000 किसान अपनी उपज को सरकारी खरीद केन्द्र पर समर्थन मूल्य पर बचेने से वंचित रह गये हैं जिसका बड़ा कारण उपार्जन की समय सीमा कम थी , तौल कांटे भी कम थे , स्टाफ की कमी के चलते में खड़े रह , फिर भी उनको निराशा हाथ लगी और वापस अपने घर को चले गये।

ऐसे में बचे हुए सभी किसान अपना गेंहू मण्डी में 1500 रू . से लेकर 1700 रू . क्विंटल में गेंहू बेचने को मजबूर हैं । किसानों को 200 से 400 रू . तक होने वाली हानि में सरकार भावान्तर देकर उनके आर्थिक घाटे की पूर्ति करे । अनेकों किसानों ने गेहूं के मैसेज आने के बाद लाईन में लग कर टोकन लेकर अपना माल तुलवा दिया लेकिन सॉफ्टवेयर परिवार की आवश्यकताओं की पूर्ति कर सकें ।

मूग , उड़द , मक्का की समर्थन मूल्य पर खरीदी शुरू की जावे क्योंकि मण्डी में भाव में काफी अंतर है जिससे किसान बहुत घाटे में है । मण्डी में समर्थन मूल्य से नीचे बोली नही लगे , ऐसी व्यवस्था की जावे या फिर किसानों को भावान्तर दिया बंद हो जाने से उनकी बिलिंग नही हो पाई । ऐसे में किसान दर दर भटक रहे हैं ।

कृपया सॉफ्टवेयर चालू कर ऐसे सभी किसानों की बिलिंग की जावे तथा तत्काल भुगतान किया धान , गेंहू , चना , मसूर , सरसों के खरीदी केन्द्रों पर जिन किसानों का माल लिया गया है , उनका पैसे अभी तक रूका हुआ है । उसे तत्काल उनके खातों में डाला जाये ताकि वे आने वाली खरीफ की फसल की तैयारी कर सके और अपने जावे ।

ज्ञापन में मांग की कि प्याज , लहसुन उत्पादक किसानों को घाटे से उबारने के लिये 500 रू . प्रति क्विंटल प्रोत्साहन राशि दी जावे जिससे आपके वीडियो जिला एवं प्रदेश मीडिया में चर्चा का विषय है । ऐसी " खेती को लाभ का धंधा बनाऊंगा ' सार्थक हो सके । अनेक स्थानों पर जिन किसानों के राष्ट्रीयकृत बैंक एवं सहकारी बैंकों में खाते हैं उनको लेनदेन से रोका गया है जो कि गलत है ।

वर्तमान में मिलने वाली आर्थिक सहायता एवं बीमा राशि किसानों के सेविंग एकाउंट में डालकर किसानों के लेनदेन के कार्य को सुचारू रूप से चलाने की छूट प्रदान की जिला शिवपुरी के अनेकों किसानों द्वारा उपज खरीदी में किये जा रहे भारी भृष्टाचार के बारे में भारतीय किसान संघ को अवगत कराया है ।

संघ द्वारा की गई पड़ताल एवं ली गई जानकारी के यह स्पष्ट हुआ है कि महाप्रबन्धक , जिला सहकारी बैंक मर्या 0 शिवपुरी श्री वाय.के. सिंह द्वारा खरीद केन्द्रों को भृष्टाचार की खुली छूट दे रखी है जिसके प्रतिफल में उनको चना पर 20 रू . प्रति क्विंटल , गेंहू पर 10 रू . प्रति क्विंटल के हिसाब से मिलता ।

इसकी पुष्टि एक शाखा प्रबन्धक श्रीकिशन शर्मा के वायरल वीडियो से स्वतः होती है जिससे यह भी स्पष्ट होता है कि श्रीकिशन शर्मा भी वाय.के. सिंह द्वारा किये जा रहे इस महाभृष्टाचार में एक कड़ी है ।

किसानों को आर्थिक क्षति से बचाया जाना अत्यंत आवश्यक अधिकारी - कर्मचारी के विरूद्ध कड़ी दण्डात्मक कार्यवाही कर में सिंह उनके सहायक वाय.के. भृष्ट स्थिति तथा अतः श्रीमान से निवेदन है कि किसानों की उपरोक्त समस्याओ का अतिशीघ्र समाधान कर किसानों को राहत व न्याय प्रदान दिलाने की मांग की।