पानी के लिए हाहाकार: महिलाओं ने CMO की गाडी का किया घेराव | Shivpuri news

शिवपुरी। अभी शिवपुरी में गर्मी ने अपनी दस्तक नही दी है। इससे पहले ही शिवपुरी का जलसंकट सामने आने लगा है। शिवपुरी नगर पालिका अपने फैल प्राजेक्ट सिंध जलाबर्धन योजना की दुहाई देकर जिला प्रशासन को गुमराह कर रहा है। परंतु धरातल पर हालात जस के तस है। अभी गर्मी की शुरूआत हुई ही नही है और उससे पहले पब्लिक पानी के लिए सडकों पर उतरने लगी है।

जानकारी के अनुसार शहर के वार्ड क्रमांक 25 जवाहर कॉलोनी से लगभग दो दर्जन महिलाएं आज अपने वार्ड के जल संकट के लिए कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंची। महिलाओं का आरोप है कि उनके वार्ड क्रमांक 25 जवाहर कॉलोनी में विजय ट्रेक्टर एंजेसी के पास में रोड को खोदने के दौरान पाईप लाईन तोड दी है। जिसे ठेकेदार द्धारा 2 दिन में जोडने का आश्वासन दिया था। उसके बाद भी उक्त लाईन को नहीं जोडा गया। जिसे लेकर महिलाए कलेक्टर के पास जनसुनवाई में भी आई थी।

बताया जा रहा है कि जनसुनवाई में नगर पालिका के अधिकारीयोें ने लिखित में 2 दिन में पानी की समस्या को हल करने का आश्वासन दिया था। परंतु उसके बाद जब नगर पालिका के अधिकारी को अजय झा निवासी जवाहर कॉलोनी ने फोन लगाया तो उन्होंने महज यह कहकर पल्ला झाड लिया कि फाईल बनी रखी है। उसके बाद अधिकारी ने फालतू की बात नहीं करों कहकर फोन काट दिया।

इसके चलते 3 माह से पानी के लिए परेशान वार्ड नंबर 25 की लगभग दो दर्जन महिलाए कलेक्ट्रेट में पहुंची। जहां पानी को लेकर महिलाओं ने जमकर हंगामा किया। इस दौरान डिप्टी कलेक्टर अंकुर रवि गुप्ता ने एक युवक को अंदर बुलाया और दो दिन में समस्या का समाधान करने की बात कही। जिसपर युवक ने कहा कि ऐसा आश्वासन वह 3 माह से सुन रहे है। जिसपर डिप्टी कलेक्टर भडक गए और उन्होंने कहा कि अपना दिमाग ज्यादा मत चला।

जिसपर युवक कार्यालय से बाहर निकल आया और महिलाओं को पूरी बात बताई। जिसपर महिलाएं आक्रोशित हो गई और उन्होंने नगर पालिका सीएमओं के के पटेरिया से बातचीत की। जिसपर सीएमओं ने भी कोई भी सही जबाब नहीं दिया और वह जाने लगे। जिसपर महिलाए और भडक गई और उन्होंने सीएमओ की गाडी का घेराब कर लिया। जिसपर से जब ड्रायवर ने गाडी स्टार्ट की तो महिलाएं गाडी के आगे बैठ गई।

उसके बाद सीएमओं गाडी से उतरा और उन्होंनें तत्काल इंजीनियर को बुलाया। उसके बाद पार्षद सहित इंजीनियर ने कल से ही काम प्रारंभ करने की बात कही। तब कही जाकर महिलाएं शांत हुई।