CAC और BAC की कांउसिलिंग में शिक्षको का हंगामा, मांग मनवाकर ही माने

शिवपुरी। जिले में तीसरी बार शुरु हुई 99 सीएसी और 23 बीएसी की भर्ती प्रक्रिया में एक घंटे शिक्षकों ने जमकर हंगामा किया। कारण यह था कि विभाग विकासखंड वार काउंसिलिंग कराने के मूड में था और शिक्षक जिला स्तरीय प्रक्रिया चाहते थे।

अंत में जिला पंचायत सीईओ के निर्देश पर काउंसिलिंग में जब उनके प्रतिनिधि केके शर्मा ने मोर्चा संभाला ताे जिला स्तरीय काउंसिलिंग की घोषणा की गई। इसके बाद काउंसिलिंग शुरू हो पाई।

गुरुवार को डाइट परिसर में सुबह 11 बजे से यह प्रक्रिया प्रारंभ हो गई। जैसे ही शिक्षकों के सामने काउंसिलिंग कर रहे अधिकारियों ने घोषणा की कि वह जिला स्तर की बजाए ब्लॉक बार भर्ती प्रक्रिया शुरु करेंगे।

इसके बाद शिक्षकों में अफरा-तफरी मच गई। कई शिक्षक काउंसिलिंग कक्ष में घुस आए और बोले कि आस-पास के सभी जिलों में जब भर्ती प्रक्रिया में जिला स्तर की प्रक्रिया अपनाई जा रही है फिर शिवपुरी जिले में इस प्रक्रिया के तहत भर्ती प्रक्रिया क्यों नहीं की जा रही है।

जवाब में डीपीसी ने कहा कि चयन समिति का जो निर्णय है, हमने आपको उससे अवगत करा दिया है। अब इसी प्रक्रिया से भर्ती होगी। इस पर शिक्षकों ने विरोध जताते हुए कहा कि इस प्रक्रिया से आपको काउंसिलिंग करनी थी ताे जिला स्तर पर काउंसिलिंग का क्या महत्व है।

इस प्रक्रिया में जब वरिष्ठता सूची जिला वार बनी है फिर क्या विकासखंड बार अलग से बनाएंगे। इस पर डीपीसी ने कहा कि ऐसा थोड़े ही होता है। इसके बाद शिक्षकों ने हंगामा किया। इसकी सूचना जिपं सीईओ एचपी वर्मा तक पहुंच तो एसीईओ केके शर्मा डाइट में पहुंचे। उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों से चर्चा के बाद जिला स्तरीय काउंसिलिंग कराने का निर्णय लिया।

जिन शिक्षकों ने आपत्तियां लगाईं थी उनकी सूची विभाग ने बाद में चस्पा की। शिक्षकों ने आरोप लगाया कि उनकी आपत्ति का निराकरण नहीं किया गया। लेकिन शिक्षा विभाग के जिम्मेदारों के पास जब आपत्तिकर्ता शिक्षक पहुंचे तो उनकी समस्या का निराकरण करते हुए वह बोले कि आप सूची देख सकते हैं,उनमें जो आपत्तियां हमारे पास आईं थी उन्हे निराकृत कर दिया है।


इनका कहना हैं
हमें जो सूची शिक्षा विभाग से अपडेट होकर मिली उसी वरिष्ठता सूची के आधार पर हमने यह काउंसिलिंग प्रक्रिया पूरी कर रहे हैं। समिति ने तय किया था कि विकासखंड वार इस प्रक्रिया को करना। इसलिए हम इसे विकासखंड वार कर रहे थे। बाद में अधिकारी बोले कि जिलास्तर वाइज इसे कर लें तो हमने यही प्रक्रिया काउंसिलिंग के लिए अपनाई।
बीआर कर्ण,डीपीसी शिवपुरी