इस पूरे घटनाक्रम का कवरेज कर रहे शिवपुरी के पत्रकार विजय शर्मा के साथ भी ट्रैफिककर्मी ने अभद्रता कर उनका मोबाइल छीन लिया और उनके साथ मारपीट भी कर दी। इस घटना के बाद अभिभाषक और पत्रकार ने दतिया सूबेदार गजेंद्र कैन और आरक्षक जयपाल पालिया और होमगार्ड सैनिक घनश्याम सहित एक अन्य के खिलाफ मारपीट करने और मोबाइल छीनने का आरोप लगाते हुए शिकायती आवेदन दिया है। जिस पर कोतवाली टीआई और एसडीओपी गीता भारद्वाज ने कार्यवाही का उन्हें आश्वासन दिया है।
जानकारी के अनुसार आज सुबह बदरवास सीएमओ सौरभ गौड़, सर्व शिक्षा अभियान के सहायक यंत्री सतीश निगम सहित अभिभाषक शैलेंद्र समाधिया व शगुन वाटिका के संचालक मोनू अग्रवाल अपनी शिफ्ट डिजायर कार क्रमांक एमपी 33 सी 7793 से दतिया पीतांबरा पीठ के दर्शन करने गए थे।
जिनका दतिया पहुुंचने पर ट्रैफिक आरक्षक जयपाल पालिया से गाड़ी अंदर ले जाने को लेकर विवाद हो गया और आरक्षक ने सूबेदार गजेंद्र केन को विवाद की जानकारी दी। जिस पर सूबेदार मौके पर पहुंचे और उन्होंने बिना कुछ बातचीत किए ही अभिभाषक को पकड़कर पुलिस वेन में बैठा लिया।
इसी दौरान शिवपुरी के पत्रकार विजय शर्मा भी दर्शनों के लिए दतिया पहुंचे थे जिन्होंने अभिभाषक के साथ हो रहे दुव्र्यवहार की वीडियो रिकॉर्डिंग की तो आरक्षक जयपाल पालिया और होमगार्ड सैनिक घनश्याम व एक अन्य युवक ने उनका मोबाइल छीनकर उनके साथ अभद्रता कर दी और उन्हें भी पुलिस वैन में बैठाकर कोतवाली ले गए।
इस दौरान श्री शर्मा ने सूबेदार को अपना परिचय दिया, लेकिन उन्होंने उनकी एक न सुनी। बाद में जब मीडियाकर्मियों को जब इस घटना की जानकारी लगी तो उन्होंने दतिया एसपी श्री चक्रवर्ती से संपर्क साधा। बाद में कुछ स्थानीय पत्रकार भी कोतवाली पहुंच गए। तब कहीं जाकर मामला शांत हुआ और पत्रकार व अभिभाषक को पुलिस ने छोड़ दिया। घटना के बाद पीडि़त दोनों पक्षों ने अभद्रता करने वाले सूबेदार और पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्यवाही करने हेतु शिकायती आवेदन दिया।
इनका कहना है-
पत्रकार के साथ जो घटना हुई है वह अंजाने में हुई है, लेकिन ट्रैफिककर्मी ने गलती अवश्य की है जिसकी सजा भी उन्हें मिलेगी। पत्रकार और अभिभाषक ने पृथक पृथक रूप से शिकायती आवेदन दिए हैं। उनकी जांच कोतवाली टीआई शेरसिंह द्वारा की जा रही है और जल्द ही जांच के बाद कार्यवाही होगी।
गीता भारद्वाज एसडीओपी दतिया
इनका कहना है-
दतिया ट्रैफिक पुलिस द्वारा परिचित लोगों के वाहनों को अंदर जाने दिया जा रहा था जब मैंने अपने वाहन को अंदर जाने के लिए ट्रैफिक पुलिस से कहा तो वहां मौजूद आरक्षक जयपाल पालिया ने उनके साथ अभद्रता की। इसके बाद सूबेदार गजेंद्र कैन वहां आ गए जिन्होंने सार्वजनिक रूप से उनके साथ दुर्व्यवहार करते हुए उन्हें पुलिस वैन में बैठा लिया और कोतवाली ले गए। इस दौरान एक पत्रकार के साथ भी पुलिसकर्मियों ने अभद्रता की और मोबाइल छीन लिया। जिसकी शिकायत मेरे द्वारा दतिया कोतवाली में की गई।
शैलेंद्र समाधिया अभिभाषक शिवपुरी

