अंगूठा दो महीने का, राशन एक महीने का, सिनावल कला के सेल्समैन पर हड़पने का आरोप

Adhiraj Awasthi

खनियाधाना। शिवपुरी जिले की ग्राम पंचायत सिनावल कलां में शासकीय उचित मूल्य दुकान पर राशन वितरण को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश खुलकर सामने आया है। गांव के बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने एकजुट होकर नायब तहसीलदार खनियाधाना और अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) पिछोर को संयुक्त ज्ञापन सौंपते हुए दुकान पर पदस्थ सेल्समैन भगवान लाल लोधी पर राशन हड़पने, कम तौल, फर्जी वितरण और हितग्राहियों को धमकाने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि वर्तमान सेल्समैन को तत्काल हटाकर मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए, ताकि गरीब हितग्राहियों को मिलने वाला राशन पारदर्शी और समय पर मिल सके।

ग्रामीणों का आरोप: दो महीने का अंगूठा, राशन सिर्फ एक महीने का
ग्रामीणों द्वारा सौंपे गए शिकायत पत्र में आरोप लगाया गया है कि उचित मूल्य दुकान पर सेल्समैन मार्च और अप्रैल दोनों महीनों के लिए हितग्राहियों से फिंगरप्रिंट/अंगूठा लगवा लेता है, लेकिन राशन केवल एक ही महीने का दिया जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि इससे गरीब परिवारों के हिस्से का अनाज बीच में ही गायब हो रहा है। उनका आरोप है कि राशन वितरण की यह प्रक्रिया लंबे समय से चल रही है, लेकिन शिकायतों के बावजूद सुधार नहीं हुआ।

20 किलो की जगह 14-15 किलो राशन देने का आरोप
ज्ञापन में सबसे गंभीर आरोप कम तौल को लेकर लगाया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि राशन वितरण के दौरान वजन मशीन में कांटा फंसा कर 20 किलो दिखाया जाता है, जबकि वास्तविकता में हितग्राहियों को सिर्फ 14 से 15 किलो राशन ही दिया जाता है। ग्रामीणों के मुताबिक, इस तरह हर परिवार के हिस्से से कई किलो अनाज कम दिया जा रहा है। यदि यह आरोप सही है, तो यह सीधे तौर पर गरीबों के हक पर डाका माना जाएगा। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि दुकान की वितरण रजिस्टर, मशीन रिकॉर्ड और स्टॉक का मिलान कराया जाए, ताकि पूरे मामले की सच्चाई सामने आ सके।

विरोध करने पर झूठी FIR में फंसाने की धमकी देने का आरोप
ग्रामीणों का आरोप है कि जब उन्होंने कम राशन और गड़बड़ी का विरोध किया, तो सेल्समैन ने सुधार करने के बजाय उन्हें झूठे प्रकरण में फंसाने और FIR दर्ज कराने की धमकी दी। इससे गांव के कई हितग्राही डरे हुए हैं और खुलकर सामने आने से भी हिचक रहे हैं। ग्रामीणों ने कहा कि गरीब और अशिक्षित परिवारों को डराकर चुप कराने की कोशिश की जा रही है, ताकि अनियमितताएं सामने न आ सकें।


सरकारी मशीन तोड़ने का भी आरोप, गलती छिपाने की कोशिश बताई
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि अपनी गड़बड़ियों को छिपाने के लिए सेल्समैन ने स्वयं ही सरकारी मशीन को काउंटर पर मारकर क्षतिग्रस्त कर दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि यह कदम जानबूझकर उठाया गया, ताकि रिकॉर्ड और वितरण प्रक्रिया पर सवाल उठने पर तकनीकी खराबी का बहाना बनाया जा सके। यदि इस आरोप की पुष्टि होती है, तो यह मामला केवल राशन वितरण में गड़बड़ी तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने का भी मामला बन सकता है।

सेल्समैन को हटाने की मांग, कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन की चेतावनी
ग्रामीणों ने प्रशासन को दिए गए ज्ञापन में स्पष्ट रूप से मांग की है कि सेल्समैन भगवान लाल लोधी को तत्काल पद से पृथक किया जाए और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए। ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द ही राशन वितरण व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया और आरोपित सेल्समैन पर कार्रवाई नहीं हुई, तो वे उग्र आंदोलन करने को मजबूर होंगे। गांव के लोगों ने यह भी साफ किया है कि उनका उद्देश्य किसी व्यक्ति विशेष से निजी विवाद नहीं, बल्कि गरीबों के हक का राशन सही तरीके से दिलाना है।