शिवपुरी। शिवपुरी जिले के सतनवाड़ा थाना क्षेत्र के मामोनी गांव में मंगलवार दोपहर एक भीषण आग ने किसान की साल भर की मेहनत को कुछ ही पलों में राख में बदल दिया। तेज हवाओं के चलते आग ने इतनी भयावह रूप ले लिया कि करीब 80 बीघा में खड़ी गेहूं की फसल जलकर पूरी तरह नष्ट हो गई। इस आगजनी में लगभग 800 क्विंटल गेहूं के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, मामोनी गांव निवासी किसान लोटन सिंह गुर्जर के खेतों में इन दिनों गेहूं की कटाई का काम चल रहा था। दोपहर के समय मजदूर खेत में कटाई कर रहे थे, तभी अचानक खड़ी फसल में आग भड़क उठी। आग कैसे लगी, इसका कारण फिलहाल स्पष्ट नहीं हो पाया है, लेकिन कुछ ही मिनटों में लपटों ने विकराल रूप ले लिया।
खेतों में मौजूद किसान और मजदूरों ने तुरंत आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। आसपास के अन्य किसान भी मदद के लिए पहुंच गए, लेकिन तेज हवा ने आग को और भड़का दिया। सूखी गेहूं की फसल ने मानो पेट्रोल का काम किया और आग तेजी से पूरे खेत में फैल गई।
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आया और मौके पर दो फायर ब्रिगेड की गाड़ियां भेजी गईं। गांव के टैंकरों की मदद से भी आग पर काबू पाने की कोशिश की गई, लेकिन आग इतनी भीषण थी कि सभी प्रयास नाकाम साबित हुए। देखते ही देखते पूरी फसल जलकर राख हो गई।
सूचना पर सतनवाड़ा थाना पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और हालात का जायजा लिया। किसान लोटन सिंह गुर्जर ने बताया कि उन्होंने दो दिन पहले ही फसल की कटाई शुरू की थी और कटे हुए गेहूं के पूले भी खेत में ही रखे हुए थे, जो इस आग की चपेट में आ गए।
किसान का कहना है कि इस फसल से करीब 800 क्विंटल गेहूं उत्पादन की उम्मीद थी, जो अब पूरी तरह खत्म हो गई है। इस हादसे ने किसान परिवार को गहरे आर्थिक संकट में डाल दिया है। अब किसान प्रशासन से मुआवजे की उम्मीद लगाए बैठा है।
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