शिवपुरी। ईरान युद्ध के कारण शिवपुरी का बाजार का रंग बदल गया है अब बाजार लाल नजर आने लगा है कारण सिर्फ एक है युद्ध के कारण एलपीजी गैस की सप्लाई बाधित हुई है इस कारण कमर्शियल सिलेंडर पर सरकार ने रोक लगा दी है। इस कारण होटल,ढाबे ओर चाट और चाय की दुकानों को कमर्शियल सिलेंडर नहीं मिल रही है। इस कारण शहर में संचालित होटल,चाय और चाट की दुकान सट डाउन हो चुकी है या फिर उन्होने लाल वाला सिलेंडर पकड लिया है या फिर वह रसोई वाली गैस का उपयोग कर रहे है या ईंधन के दूसरे विकल्प की ओर चले गए है।
कमर्शियल सिलेंडर की कमी के कारण गैस एजेंसियों पर भी भीड़ बढ़ गई है। सिलेंडर बुकिंग की संख्या अचानक बढ़ने से व्यवस्था प्रभावित हो रही है। दूसरी ओर सर्वर की समस्या के कारण मोबाइल नंबर से बुकिंग नहीं हो पा रही है। पोर्टल के जरिए भी बुकिंग में दिक्कत आ रही है। इसी वजह से लोग सीधे गैस एजेंसियों पर पहुंचकर सिलेंडर बुक कराने को मजबूर हैं।
मीडिया में खबरों पर गौर करे तो शिवपुरी शहर में लगने खाद्य सामग्री बनाकर बचने वाले ठेले वालो ने आपकी रसोई का सिलेंडर ब्लैक मे खरीदा है इसकी 1600 से 2000 तक अदा की हैं। कई चाट पकौड़ी और डोसा वाले लाल सिलेंडर का उपयोग कर रहे हैं। कई होटल संचालको ने पुन:भट्टी का उपयोग करना शुरू कर दिया है और कई स्थानों पर डीजल की भट्टी की उपयोग होना शुरू हो चुका है।
लकड़ियों के 400 रु. से 700 रु. क्विं. दाम आरा मशीन संचालक ओमप्रकाश अग्रवाल ने बताया कि इन दिनों 400 रु. से 700 रु. प्रति क्विंटल जलाऊ लकड़ी बिक रही है। ज्यादातर होटल संचालक लड़कियां खरीदकर ले जा रहे हैं।
इनका कहना हैं
पहले रोज 900 प्रतिदिन 400 से 500 सिलेंडरों की बुकिंग होती थी। अब संख्या बढ़कर 800 से पर सिलेंडर बुकिंग में 10% से 15% इजाफा हुआ है। हमारे 17 डिलीवरी बॉय हैं, जिनमें से 11 ही काम पर आ रहे हैं। पहले डिलीवरी एक-दो दिन में होती थी, अब बुकिंग
बढ़ने से 4 से 5 दिन में सिलेंडर घरों पर दे पा रहे हैं। मनोज शर्मा, गंगावल इंडेन गैस एजेंसी शिवपुरी
कमर्शियल सिलेंडर की कमी के कारण गैस एजेंसियों पर भी भीड़ बढ़ गई है। सिलेंडर बुकिंग की संख्या अचानक बढ़ने से व्यवस्था प्रभावित हो रही है। दूसरी ओर सर्वर की समस्या के कारण मोबाइल नंबर से बुकिंग नहीं हो पा रही है। पोर्टल के जरिए भी बुकिंग में दिक्कत आ रही है। इसी वजह से लोग सीधे गैस एजेंसियों पर पहुंचकर सिलेंडर बुक कराने को मजबूर हैं।
मीडिया में खबरों पर गौर करे तो शिवपुरी शहर में लगने खाद्य सामग्री बनाकर बचने वाले ठेले वालो ने आपकी रसोई का सिलेंडर ब्लैक मे खरीदा है इसकी 1600 से 2000 तक अदा की हैं। कई चाट पकौड़ी और डोसा वाले लाल सिलेंडर का उपयोग कर रहे हैं। कई होटल संचालको ने पुन:भट्टी का उपयोग करना शुरू कर दिया है और कई स्थानों पर डीजल की भट्टी की उपयोग होना शुरू हो चुका है।
लकड़ियों के 400 रु. से 700 रु. क्विं. दाम आरा मशीन संचालक ओमप्रकाश अग्रवाल ने बताया कि इन दिनों 400 रु. से 700 रु. प्रति क्विंटल जलाऊ लकड़ी बिक रही है। ज्यादातर होटल संचालक लड़कियां खरीदकर ले जा रहे हैं।
इनका कहना हैं
पहले रोज 900 प्रतिदिन 400 से 500 सिलेंडरों की बुकिंग होती थी। अब संख्या बढ़कर 800 से पर सिलेंडर बुकिंग में 10% से 15% इजाफा हुआ है। हमारे 17 डिलीवरी बॉय हैं, जिनमें से 11 ही काम पर आ रहे हैं। पहले डिलीवरी एक-दो दिन में होती थी, अब बुकिंग
बढ़ने से 4 से 5 दिन में सिलेंडर घरों पर दे पा रहे हैं। मनोज शर्मा, गंगावल इंडेन गैस एजेंसी शिवपुरी