SHIVPURI NEWS - पति की मौत के बाद संपत्ति हड़पने के लिए देवर से कराना चाहते हैं ससुरालीजन शादी

शिवपुरी। शिवपुरी जिले के जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय में एक पीड़िता शिकायत करने पहुंची,जहां उसने बताया कि मेरे पति की मौत सड़क दुर्घटना में हो गई, पति की मौत के बाद ससुरालजन मुझे बहुत परेशान करने लगे। वह कहने लगे कि अब तुझे इस घर में रूकने की कोई जरूरत नहीं हैं, और अगर तुझे इस घर में रुकना हैं तो मुझे अपने देवर से शादी करनी पड़ेगी।

वहीं पीड़िता का कहना है कि मेरे ससुरालजन देवर से शादी की इसलिए कहते हैं जिससे कि मेरे पति के नाम जो संपत्ति हैं वह देवर के नाम हो जाये। लेकिन मैं शादी के खिलाफ हूं में शादी नहीं करना चाहती। जब मैं इसका विरोध करती हूं तो मेरे ससुरालजन मेरे साथ मारपीट करते हैं, मेरे घर में कमाने वाला कोई नहीं हैं, मैं 10 बार मायापुर थाने में शिकायत कर चुकी हूं,लेकिन मेरी कोई सुनवाई नहीं होती हैं मैं मुख्यमंत्री के नाम भी आवेदन दे चुकी हूं,कलेक्टर को आवेदन दे चुकी हूं,लेकिन मेरी कोई सुनवाई नहीं होती हैं।

जानकारी के अनुसार मोना यादव पत्नी स्व. विशल सिंह उम्र 33 साल निवासी ग्राम पचराई थाना मायापुर तहसील खनियाधाना ने बताया कि मेरे पति का 15 जनवरी 2024 को सड़क दुर्घटना में देहांत हो गया। वहीं में दो बच्चे हैं जिनका संजय यादव उम्र ढाई साल, दूसरा राज यादव उम्र 12 साल का है, पीड़िता ने बताया कि मेरे पति को मिलाकर 3 भाई हैं,मेरे पति का देहांत होने के बाद मेरे जेठ, देवर व सास ससुर मुझे मकान में नहीं रहने देने है। और ना ही खेती की जमीन में से कुछ हिस्सा देते हैं, मेरे साथ सभी मिलकर मारपीट, गाली गलौज करते है।

मुझसे कहते हैं कि यहां से जाओ, अब तुम्हारा कोई भी अधिकार नहीं हैं मेरे द्वारा मायापुर थाने में कई बार लिखित शिकायत की गई व कलेक्टर शिवपुरी को भी लिखित आवेदन दिया,कहीं भी मेरी कोई भी सुनवाई नहीं हो रही मैं बहुत परेशान हूं अपने बच्चे का भरण-पोषण करने के लिए मुझे अपनी ससुराल से मेरे पति का जो हिस्सा था वह मुझे दिलवाया जाये। जिससे मैं अपने बच्चों का भरण पोषण कर सकूं। वहीं पीड़िता ने बताया कि सड़क दुर्घटना के उपरांत सरकार द्वारा मुआवजे की राशि मेरे सास धनकुवांर यादव,ससुर भगवान सिंह यादव को दी जा रही है जबकि मुझे कोई आर्थिक सहायता प्राप्त नहीं हो रही है।

पति के बाद मेरी किसी ने नहीं की सहायता
मेरे परिवार में कमाने वाला कोई सदस्य नहीं है मेरे दो छोटे बच्चे है जिनके पालन पोषण के एवं शिक्षा के लिए मुझे अत्याधिक कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है मैंने अपने सास ससुर से मुआवजे की राशि मांगी, परंतु वह देने से इंकार कर रहे है इतना ही नहीं उन्होंने मेरी कोई सहायता नहीं की और अपने पक्ष वकील को भी मिला लिया है। वे हमें लगातार धमकी दे रहें है कि यदि हम घर आएंगे तो हमें और हमारे बच्चों को जान से मार देंगे एवं मुझे आवास योजना का फॉर्म नहीं भरने दे रहे है।

सांसद ज्योतिरादित्य को भेजा आवेदन
पीड़िता ने आवेदन में ज्योतिरादित्य सिंधिया से कहा कि अब तक मायापुर थाने में 10 बार गई पर कोई सुनवाई नहीं हो रही हैं, थाने के साथ साथ मैने एस आई साहब टीआई साहब और कलेक्टर साहब तक से मदद मांगी परंतु मेरी कहीं भी सुनवाई नहीं हो रहीं हैं।