अब 1.44 लाख मतदाताओं की ताकत से नही कुछ हजार मतदाताओं की ताकत से चुना जाऐगा नगर पालिका अध्यक्ष- Shivpuri News

शिवपुरी। नगरीय चुनाव की घोषणा हो चुकी है। शिवपुरी नगर पालिका क्षेत्र में 39 वार्ड में 1 लाख 44 हजार मतदाता है,यह मतदाता अपने मत का प्रयोग कर 39 पार्षद का चयन करेंगे। और यह पार्षद नगर पालिका अध्यक्ष और उपाध्यक्ष का चुनाव करेंगें। अप्रत्यक्ष प्रणाली से हा रहे चुनाव के कारण अध्यक्ष चुनने के लिए 1 लाख 44 हजार मतदाताओं की ताकत किसी एक वार्ड के कुछ हजार मतदाताओं के हाथो में पहुंच गई हैं।

30 से 39 वर्ष के आयु के 55 प्रतिशत मतदाता

शहर के 1.44 लाख मतदाताओं में से 79096 यानी करीब 55 प्रतिशत मतदाता युवा हैं। नगर पालिका में सबसे अधिक मतदाता 30 से 39 वर्ष आयु वर्ग के हैं।शिवपुरी में दो चरणों में मतदान होना है जिसमें पहले चरण में खनियाधाना, बदरवास और रन्नौद में होंगे। शिवपुरी नगर पालिका सहित शेष नगर परिषदों में दूसरे चरण में मतदान होगा। चुनाव ईवीएम से कराया जाएगा।

जिले में 330 मतदान केन्द्र, 82 संवेदनशील

कलेक्टर अक्षय कुमार सिंह ने बताया कि कुल 330 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। इनमें से 82 को संवेदनशील और 2 केंद्रों को संवेदनशील केंद्र के रूप में चिन्हित किया गया है। इसमें बदलाव भी संभव है। जो दो अतिसंवेदनशील केंद्र हैं वह मगरौनी और रन्नौद में हैं। शिवपुरी नगर पालिका में 45 मतदान केंद्रों को संवेदनशील माना है। इसके अलावा अधिकारियों ने आदर्श आचार संहिता और नामांकन की प्रक्रिया की जानकारी दी।

आचार संहिता लागू होते ही जारी हुए यह निर्देश

18 जुलाई तक की अवधि तक संपूर्ण जिले की राजस्व सीमाओं को कोलाहल नियंत्रण क्षेत्र (साइलेंस जोन) घोषित किया गया है। अधिनियम की धारा 2(घ) के अंतर्गत शिवपुरी जिले में पदस्थ अनुविभागीय दण्डाधिकारी, तहसीलदार एवं नायब तहसीलदारों को उनके मुख्यालय क्षेत्रांतर्गत उक्त अधिनियम के तहत विहित प्राधिकारी घोषित किया गया है।

राजनीतिक अथवा सार्वजनिक समारोह आदि के लिये लाउडस्पीकर, ध्वनि विस्तारक यंत्रों तथा डीजे बैण्ड बाजा आदि के प्रयोग विहित प्राधिकारी की लिखित अनुज्ञा के बिना पूर्ण प्रतिबंधित रहेगा।

आम सभा, जुलूस एवं प्रचार कार्य हेतु लाउडस्पीकर तथा ध्वनि विस्तारक यंत्रों के प्रयोग की अनुमति नगरीय निकाय क्षेत्रों में सुबह 6 बजे से रात्रि 10 बजे तक दी जा सकेगी।

ट्रक, जीप, टेम्पो, ऑटो रिक्शा, तांगा आदि वाहनों से चुनाव प्रचार-प्रसार की अनुमति आवेदन करने पर ही दी जा सकेगी। आवेदन पत्र में वाहन के पंजीयन क्रमांक का उपयोग अनिवार्य होगा।