बज्रानंद महाराज की स्मृति में विनेगा आश्रम पर हुआ विशाल भण्डारा, हजारों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया - Shivpuri News

शिवपुरी।
विनेगा आश्रम को एक भव्य और व्यवस्थित रूप देने वाले प्रसिद्ध संत परमहंस स्वामी श्री बज्रानंद जी महाराज की पुण्यतिथि पर विनेगा आश्रम पर आज एक विशाल भंडारे का आयोजन संत श्री पथरानंद जी महाराज के सानिध्य में किया गया। इस अवसर पर दूर-दूर से बड़ी संख्या में संत और महात्माओं ने विनेगा आश्रम में पधारकर भक्तगणों को धर्मोपदेश दिया और संत बज्रानंद जी महाराज के व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला।

इस अवसर पर आश्रम में आयोजित सत्संग में संत पथरानंद जी ने अपने उदबोधन में धर्म प्रेमियों से कहा कि वह ऐसा कोई कार्य न करेें, जिससे किसे के मन को लेशमात्र भी पीड़ा पहुंचे। इस संसार में वह धन, दौलत और यश कमाने नहीं बल्कि अपनी आत्मा के उत्थान हेतु आए हैं।

परमहंस स्वामी बज्रानंद जी महाराज का विगत दो वर्ष पूर्व लंबी बीमारी के पश्चात देवलोक गमन हो गया था। उन्होंने विनेगा आश्रम को एक अद्वितीय धार्मिक स्थल बनाने में अपना भरपूर योगदान दिया था। उनके सानिध्य में विनेगा आश्रम पर अनेक धार्मिक कार्यक्रम आयोजित हुए। उनकी पुण्यतिथि पर आज सुबह से ही भक्तगण उन्हें अपने श्रद्धा सुमन अर्पित करने के लिए आश्रम पहुंचने लगे थे।

आश्रम में संत बज्रानंद महाराज की ऐसी प्रतिमा की प्रतिष्ठा की गई है, जो सजीव नजर आती है। पुण्यतिथि के अवसर पर ब्रह्लीन स्वामी बज्रानंद जी महाराज की समाधि पर सुबह 7 बजे से पूजन प्रारंभ हो गया। सुबह 8 बजे से आश्रम परिसर में विशाल भंडारा प्रारंभ कर दिया गया, जो कि आज देर रात तक चलेगा। भंडारे के अवसर पर शिवपुरी सहित दूर-दूर से ग्रामीण अंचल के हजारों लोगों ने पधारकर प्रसाद ग्रहण किया। भंडारे के दौरान भजन पूजन एवं सत्संग का भी आयोजन किया गया।