अमृत सरोवर योजना: जिले में 100 नए तालाब निर्माण का रखा लक्ष्य, धरातल पर कुछ दिखेगा बड़ा सवाल - Shivpuri News

शिवपुरी। आज कलेक्टर शिवपुरी अक्षय कुमार सिंह ने अमृत सरोवर योजना की समीक्षा बैठक पंचायत प्रशिक्षण संस्थान में आयोजित की गई। जिसमें शिवपुरी जिला प्रशासन द्धारा 100 नए तालाब निर्माण का लक्ष्य रखने की बात को लेकर प्रेस नोट जारी किया गया है। परंतु जिले के हालातों से प्रशासन पूरी तरह से वाकिफ है। शिवपुरी शहर में 52 में से महज 4 से 5 तालाब बाकी बचे है। लगभग सभी तालाबों को भू माफियाओं ने ठिकाने लगा दिया है। शिवपुरी प्रशासन जब अपने ही बने तालाबों को बचा नहीं सका है और अब 100 नए तालाबों के निर्माण की बात कह रहा है। अब धरातल पर हालात क्या होंगे यह तो आने वाले समय में ही पता चलेगा।

हम बात कर रहे है पूरे जिले में सैकड़ों की संख्या में जिला प्रशासन स्टॉक डेम चेक डेम बनबाए है। परंतु धरातल की बात करें तो इनकी हालात यह है कि अब कई जगह इन डेम का नामों निशान या कुछ सामान भी नहीं है जिससे ऐसा महसूस हो कि यहां प्रशासन ने चेक डेम या स्टॉक डेम बनाए थे। जिला पंचायत और जनपद पंचायत के भ्रष्टाचार भी भेंट चढे यह डेम सिर्फ कागजों में है। बांकि धरातल पर ऐसा कुछ भी नहीं है जो दिखाई दे सके। अब इन तालाबों के निर्माण के जरिए जनप्रतिनिधि और कर्मचारी कागजों में मजदूरों की फर्जी एंट्री कर इन तालाबों को हडप जाएगे।

इसी बीच आज अमृत सरोवर योजना की समीक्षा बैठक पंचायत प्रशिक्षण संस्थान 26 नं. कोठी में आज शनिवार को कलेक्टर अक्षय कुमार सिंह की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में शासन द्वारा अमृत सरोवर योजनान्तर्गत जिले को 100 नवीन तालाब निर्माण का लक्ष्य निर्धारण किया गया है। जिसके क्रम में जिला के 102 तालाबों का चयन कर कार्य प्रारंभ किया गया है।

बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी उमराव सिंह मरावी सहित कार्यपालन यंत्री आरईएस, अति.मुख्य कार्यपालन अधिकारी, समस्त जनपदों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी, सहायक यंत्री, अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी एवं उपयंत्रीगण जनपद पंचायत उपस्थित रहे।

अमृत सरोवर योजनान्तर्गत चयनित समस्त तालाब परिणाम आधारित बनाये जाने हैं, जिसमें वित्तीय नियोजन मनरेगा तथा अन्य वित्तीय स्त्रोतों व जल सहयोग के अभिसरण से निर्माण कराये जा रहे हैं। साथ ही जिले में कार्यरत विभिन्न विभागों के ठेकेदारों के साथ भी बैठक आयोजित कर मिट्टी/मुरम की आवश्यकता होने पर इन तालाबों से मशीनों द्वारा मिट्टी/मुरम खुदाई कर अपने निर्माण कार्य पर ले जाने का प्रस्ताव दिया गया है। जिसमें मिट्टी/मुरम खुदाई की गणना पृथक से की जाकर किये गये सहयोग का मौके पर स्थित सूचना पटल पर अंकित किया जाएगा।

इसके अलावा भी तालाब प्रतिनिधियों से भी अपील की गई है कि उक्त तालाब निर्माण में अपना श्रम/मशीन आदि का जो जन सहयोग करना चाहते हैं वह सादर आमंत्रित है, उनके द्वारा किये गये जन सहयोग की भी गणना कर निर्माण स्थल पर स्थित सूचना पटल पर अंकित की जाएगी।

उपयोगकर्ता समूह व स्थानीय आयोजित बैठक में अमृत सरोवर योजनान्तर्गत चयनित तालाब निर्माण कार्यों को तकनीकी रूप से उपयुक्त बनाये जाने हेतु ग्रामीण यांत्रिकी सेवा विभाग के कार्यपालन यंत्री एवं जल संसाधन विभाग के कार्यपालन यंत्री द्वारा बैठक में उपस्थित समस्त अभियंताओं का उन्मुखीकरण कार्यक्रम आयोजित कर प्रशिक्षण दिया जाकर जल्द से जल्द कार्य पूर्ण किये जाने हेतु निर्देश दिये गये।