भारतीय स्टेट बैंक: शाखा के कर्मचारियो द्वारा की जाती हैं अभद्रता, ग्राहक नही हैं सतुंष्ट- Pichhore News

पिछोर।
भारत सरकार द्वारा भारत के नागरिकों को सुलभ एवं स्वच्छ आर्थिक लेन देने करने हेतु भारत में प्रमुख राष्ट्रीय बैकों में गिने जाने वाले भारतीय स्टेट बैंक की शिवपुरी जिले में कार्यरत कुछ बैंक शाखाओं द्वारा अपनाई जा रही कार्यप्रणाली, उपभोक्ताओं के प्रति अभद्र व्यवहार व बर्ताव इन दिनों सुर्खियों में हैं एक तरफ तो भारतीय स्टेट बैंक प्रबंधन अपने उपभोक्ताओं को अच्छी से अच्छी सुविधायें देने की बात करता हैं।

वहीं दूसरी ओर उसी बैंक की कुछ शाखाओं में कार्यरत अधिकारियों व कर्मचारियों का उपभोक्ताओं के प्रति दुव्र्यवहार व उदंण्डता उनकी इस सकारात्मक कार्यप्रणाली पर कालिख पोतती प्रतीत होती हैं। जब उपभोक्ता अपनी आप बीती सुनाते हुए बाजार में देखे जाते हैं तो निश्चित तौर पर एसबीआई (शाखा प्रबंधन) दोषी प्रतीत होने लगता हैं।

अभद्रता एवं अन्य शिकायतें उपभोक्ताओं द्वारा मिली

हाल ही में सामने आई कुछ घटनाओं के चलते पिछोर की एसबीआई शाखा के कर्मचारियों द्वारा अभद्रता एवं अन्य उपभोक्ताओं द्वारा मिली शिकायतों के कारण अब लोगों का भरोसा एसबीआई से विलग होता दिखाई देता हैं वहीं आमजन द्वारा प्रशासन से एक नई राष्ट्रीयकृत बैंक शाखा की खोलने की उपभोक्ताओं द्वारा मांग की गई हैं। जिससे उपभोक्ताओं को राहत मिल सके और लेन देन करने में उनका महत्वपूर्ण समय बच सके।

फोटो महात्मा गांधी की लेकिन करते हैं मनमानी

महात्मा गांधी के द्वारा कहे गए वचन आज बैंक कर्मचारियों के लिए कोई मायने नहीं रखता। पीछे उनकी फोटो टंगी रहती हैं और टेबल के आगे उनके कहे शब्दों के खिलाफ सरकारी कर्मचारी कार्य करते हैं। आज का ग्राहक बैंक कर्मचारियों के लिए उनके आराम में खलल डालने वाला दिखाई पड़ता हैं सरकारी कर्मचारियों ने अपनी कार्यप्रणाली में तो सुधार नहीं किया लेकिन उन्होंने परिसर में आने वाले ग्राहकों के लिए कानूनी दायरा बता दिया बैंकों में इस प्रकार की सूचनायें लिखी हैं कि बैंक कर्मचारियों से अभद्रता करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्यवाही की जाए।