पहली बारिश में सडक पर गिर गया मंत्री जी का निवनिर्मित विकास: भ्रष्टाचार के गढडो में गाढे गए पोल - Pohri News

पोहरी। पोहरी के छर्च क्षेत्र में 65 लाख की लागत से तीन माह पहले बनकर तैयार विद्युत सब स्टेशन के निर्माण की पहली ही बारिश में पोल खुल गई है। ग्रामीणों के मुताबिक पहली बारिश में ही पांच से अधिक 33 केवी लाइन के खंभे जमींदोज हो गए और 7 से अधिक खंभे तिरछे होने के साथ कई खंभों की स्टेपनी उखड़ गई हैं।

क्षेत्रीय विधायक सुरेश राठखेड़ा ने अपने गृह गांव राठखेड़ा सहित छर्च में विद्युत फीडर लाखों की लागत से स्वीकृत करवाया था। इसमें से छर्च विद्युत फीडर की राठखेड़ा फीडर से छर्च फीडर जाने वाली 33 केवी लाइन के खंभे कमजोर निर्माण होने के कारण बारिश के दौरान एक के बाद एक लाइन सहित जमीदोज हो गए।

इससे न केवल खेतों व सड़क पर लाइन आ गई बल्कि विद्युत फीडर से गांवों की ओर जाने वाली विद्युत सहित फीडर की सप्लाई बंद हो गई। इससे ग्रामीण विद्युत विहीन हो गए हैं। पहली बारिश से अचानक जमीदोज हुए विद्युत खंभे तार सहित सड़क पर आ गए।

इनमें करंट न हो इस डर से ग्राम हिनौतिया सहित आसपास के ग्रामीण दहशत में आ गए। हालात ये रहे कि करंट के डर से ग्रामीण सहित अन्य राहगीरों का आवागमन अवरुद्ध हो गया। ग्रामीणों के अनुसार सूचना के बाद भी बिजली कंपनी के अधिकारी सहित निर्माण करने वाला विद्युत ठेकेदार कई घंटों तक मौका मुआयना तक करने नहीं पहुंचे।

पहली बारिश में फीडर लाइन के खंभे गिरने से गुणवत्ता पर सवाल

पोहरी के सब स्टेशन छर्च के लिए बिछाई लाइन के खंभे गिरने और टेड़े होने से गुणवत्ता को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। छर्च के राधेश्याम ने बताया है कि कई साल से सब स्टेशन नहीं होने से कम वोल्टेज की समस्या से जूझ रहे थे।

लेकिन यह सब स्टेशन बनने लगा तो सोचा कि अब हमें कम वोल्टेज की समस्या से निजात मिलेगी और अब विद्युत मोटर आदि सही चलने से उत्पादन आदि अच्छा होगा, लेकिन फीडर निर्माण के बाद शुरू हुई बिजली सप्लाई महज हमें 15 दिन ही मिल सकी कि मानसून की हुई पहली बारिश से ही 10 बिजली के खं जमीदोज होने के साथ 7 खंभे से अधिक तिरछे व कई की स्टेपनी आदि उखड़ गई है, तो कई खंभों की लाइन टूटकर जमीन पर आ गई है। इससे छर्च के दर्जन भर से अधिक गांवों में सप्लाई ठप हो गई है।