काली रात में गरीबों का बिक रहा था सरकारी गेहूं, विरोध किया तो ग्रामीणों से मारपीट की - PICHHORE NEWS

राजीव नीखरा,पिछोर।
रात के अंधेरे में सेल्समेन को गेंहू की कालाबाजारी करते ग्रामीणों ने पीछा किया और जब गेंहू व्यापारी के गोदाम में पहुंचा तो ग्रामीणों ने विरोध किया जिस पर सेल्समेन तथा व्यापारी ने लोगों ने मारपीट कर दी, मामले की शिकायत ग्रामीणों ने खनियांधाना थाना सहित अनुविभागीय अधिकारी चैकीकर से की।

जानकारी के अनुसार अनुविभाग पिछोर अंतर्गत जिम्मेदार अधिकारियों की उदासीनता के लगातार सेल्समेनों द्वारा उचित मूल्य की दुकानों से राशन सामग्री की कालाबजारी की घटनायें सामने आ रही है। घटना वनोपज संस्था पिपरौदा उवारी की शासकीय उचित मूल्य की दुकान मेहरौली की है। जहाॅ वीतीरात लगभग 9 बजे सेल्समेन देशपाल द्वारा गेंहू की कालीबाजारी करकेे ट्रेक्टर से ले जा रहा था।

तभी गाॅव के जागरूक ग्रामीण मुकेश जाटव, अमरचन्द्र लोधी आदि ने ट्रेक्टर का पीछा किया तो देखा कि ट्रेक्टर दीपू जैन के गोदाम में गया है। मुकेश तथा अमरचन्द्र छुपकर गोदाम के अन्दर गये और देखा कि गेंहू से भरा ट्रेक्टर खाली हो रहा है। तभी मोबाईल से वीडियो बनाने लगे तो सेल्समेन देशपाल तथा व्यापारी दीपू जैन तथा बल्लू पाल झगड़ा करने लगे व मोवाईल छीन कर दोनों की मारपीट की दी। झगड़े आबाज सुन करनसिंह चैकेदार, मोटू परिहार आदि ग्रामवासी आ गये और बीच बचाव किया।

ग्रामवासियों अरविन्द्र जाटव, रामस्वरूप जाटव, रवीदास, गजराम जाटव, कल्यानसिंह पूर्व सरपंच, तखतसिंह सरपंच, दयाराम जाटव, शिशुपाल आदिवासी, केपीसिंह परिहार, अरविन्द्र बंशकार आदि ने अनुविभगीय अधिकारी चैकीकर सहित जिला कलेक्टर को लिखित शिकायती आवेदन देकर गेंहू की कालाबाजारी करने वाले देशपाल तथा व्यापारी दीपू जैन के विरूद्ध कार्यवाही करने की मांग करते हुऐ आरोप लगाया कि उक्त सेल्समेन द्वारा पिछले चार माह से आधी राशन सामग्री वितरित कर रहा था व कम तोलता है जिसकी जांच की जावे। 

रात के अधंरे में गेंहू की कालीबाजारी का ग्रामीणों ने बनाया वीडियो

शासीकीय उचित मूल्य की दुकान मेहरौली के सेल्समेन देशपाल तथा व्यापारी दीपू जैन द्वारा रात्री लगभग 9 बजे ट्रेक्टर से गेंहू की कालाबाजारी कर रहे थे तभी जागरूक ग्रामीणों ने वीड़ियो बनाकर उसे वायरल कर दिया, ग्रामीण जिम्मेदार अधिकारियों से न्याय की उम्मीद लगायें हैं।

इनका कहना है -

लोड़िंग वाहन दुकान तक नहीं पहुंच पा रहा था इसलिए मेने वीच रास्ते से टेक्टर में टोड़िग करने की अनुमति दी थी, यदि कालावाजारी करने का मामला आ रहा है तो मैं उक्त संबंध में जांच कर कार्यवाही करूंगा। रूपेन्द्र परमाल, कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी