खबर का असर: फर्जी तरीके से भूमि हडपने को लेकर भू माफियाओं को नोटिस जारी - khaniyadhana News

शिवम पाण्डेय @ खनियाधाना। एक बार फिर शिवपुरी समाचार द्वारा प्रकाशित खबर का बडा असर हुआ है जहां खनियाधाना से चंद किमी की दूरी पौठ्याई पिछोर वायपास पर क्षेत्र में लगभग डेर बीघा भूमि की बडी गड़बड़ी सामने आई थी जिसे शिवपुरी समाचार द्वारा प्रमुखता से प्रकाशित किया गया था। जिसमें भू माफियाओं पर भूमी को फर्जी कागजात तैयार कर हडपने वालो पर नोटिस जारी हो गया है जिसमें एसडीएम को जांच के आदेश दिए है।

जानकारी के अनुसार खनियाधाना क्षेत्र में लगभग डेर बीघा जमीन का सौदा आधा दर्जन दलालों के माध्यम से हुआ था। खतौनी नम्बर 1/744 भूमि विक्रय से वर्जित थी। जिसमें म.प्र भूराजस्व संहिता के प्रावधानों की खुलेआम धज्जियां बिखेरी गई थी। ग्राम पोठयाई के पिछोर वायपास पर व्यावसायिक प्रयोजन से बिना किसी नामंतरण के काम कराया जा रहा था। भू माफियाओं के पास न तो ग्राम पंचायत की अनुमति थी और ना ही नगर पंचायत की।  

जिसमें मुख्य मामला यह था कि कहि का पट्टा कही की जमीन पर है लेकिन भूमि स्वामी द्वारा पट्टे की जमीन सरकारी जमीन होती है। इसका बिना सक्षम आधिकारी की स्वीकृति के किसी भी प्रकार से क्रय-विक्रय नहीं किया जा सकता है। पट्टे की जमीन का नामांतरण भी नहीं किया जा सकता है। लेकिन इतने बडे भ्रष्टाचार को अंजाम कैसे दे दिया। इस संपूर्ण घटनाक्रम को शिवपुरी समाचार द्वारा प्रकाशित किया गया था।

जिसपर पिछोर एसडीएम केआर चौकीकर ने जांच के आदेश दिए है वही तत्काल जिम्मेदारो को आदेश देकर भूमी पर निर्माण कार्य रुकवाया गया। वहीं भू माफियाओं पर फर्जी तरीके से भूमी के कागज तैयर करने को लेकर नोटिस जारी कर दिया गया है।

काम गोलमाल करने वालों को किसी भी हद तक बख्शा नहीं जाएगा
मैंने नोटिस जारी कर तत्काल काम रुकवा दिया है। तहसीलदार को जांच के आदेश दिए हैं वर्जित भूमि बिना किसी सक्षम अधिकारी के परमिशन के नहीं बेची जा सकती। यह कैसे विक्रय हो गई इसकी जांच होगी
के आर चौकीकर एसडीएम पिछोर