हे भगवान बैंको केश के साथ कोराना का खतरा, नही हो पर रहा हैं सोशल डिस्टेंस का पालन | Pohri News

संतोष शर्मा, पोहरी। कोरोना संक्रमण को लेकर जारी लॉक डाउन के दौरान पोहरी में सोशल डिस्टेंसिंग एवं मास्क लगाने, सैनिटाइजर से हाथ धोने जैसे नियमों का पालन ही नहीं हो रहा है। आमलोग और दुकानदार दोनों ही गैर जिम्मेदाराना व्यवहार दिखा रहे हैं, पुलिस की सख्ती करने के बावजूद लोग मानने को तैयार नहीं है। वही बैंको में लगी भीड को को देखकर लगता हैं कि कही केश के जगह कोरोना कोरियर नही हो जाए।

संक्रमण से बचाव के लिए देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के द्वारा लोगों से सामाजिक दूरी बनाए रखने एवं मास्क लगाने तथा हाथों को स्वच्छ रखने जैसे तीन बड़े आसान नियम बताएं परंतु पोहरी में सुबह 8 बजे से लेकर 10:00 बजे तक दूध, किराना एवं सब्जी की दुकानों को खोले जाने का निर्णय लिया गया था।

जिससे लोगों को जरूरत की सामग्री की कमी ना हो परंतु यहां लोग पूरी तरह से 2 घंटे के दौरान कोरोना संक्रमण फैलाने की संभावनाओं को बढ़ा रहे हैं। दुकानों पर भीड़ एवं अन्य कट निकट खड़े होकर सामान खरीदा जा रहा है यही हाल दूध डेयरी एवं सब्जी के ठेलों का है।

बैंकों से फैल सकता है संक्रमण, नहीं हो रहा नियमों का पालन

मजदूरों एवं किसानों के खातों में केंद्र एवं राज्य शासन द्वारा जमा कराई जा रही राशि को निकालने के लिए लोग सैकड़ों की संख्या में सुबह से ही बैंकों के सामने लाइन लगाकर खड़े हो रहे हैं यहां लोगों को सोशल डिस्टेंसिंग एवं मास्क लगाने का पुलिस के जवानों द्वारा दिन में कई बार हिदायत दी जाती हैं।

परंतु गरीब आदिवासी मजदूर इन नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं जिससे संक्रमण का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है यदि बैंकों में आने वाले लोगों की संख्याओं को सीमित नहीं किया गया अथवा उन्हें बैंक तक आने से नहीं रोका गया परिस्थितियां भयानक हो सकती हैं यदि प्रशासन किओस्क बैंक एवं चलित एटीएम के माध्यम से गांव-गांव जाकर लोगों का उन्हीं के गांव में पैसा निकाले जाने की व्यवस्था कर दे तो संक्रमण के खतरे को बहुत ही कम किया जा सकता है।