मैन पावर की जगह मनी पॉवर से होगा नपाध्यक्ष का चुनाव, बड़े-बड़े योद्धा होंगें पार्षदी के रण में | Shivpuri News,

शिवपुरी। नगरपालिका अध्यक्ष पद का चुनाव राज्य शासन द्वारा लिए जा रहे निर्णय के अनुसार अब अप्रत्यक्ष पद्धति से होगा। अब जनता के वोट की ताकत से धनबल की ताकत से होगा नपाध्यक्ष का चुनाव। पार्षदो के चुनाव में अब शहर के बड़े-बड़े धुरधंर योद्धा पार्षदी के रण में उतरेंगें। इस बार पार्षद अगर चुनाव अध्यक्ष का चुनाव करेंगें इस कारण अध्यक्ष पद के चुनाव में मनी पॉवर मेन काम करेंगी। इसी कारण शहर के धुरधंर नेता अभी से अपने वार्डो में पैर जमाने की कोशिश कर रहे हैं।

हालांकि आरक्षण के बाद पूरी तस्वीर स्पष्ट होगी कि नगरपालिका अध्यक्ष पद सामान्य वर्ग के खाते में जाता है अथवा सामान्य महिला या पिछड़ा वर्ग महिला के लिए रिजर्व होगा, लेकिन यदि अध्यक्ष पद सामान्य वर्ग के लिए आरक्षित होता है तो जबरदस्त घमासान की उम्मीद है।

प्रदेश में अभी तक भाजपा सरकार द्वारा लिए निर्णय के अनुसार अध्यक्ष पद का चुनाव प्रत्यक्ष पद्धति से होता था जिसमें जनता अध्यक्ष चुनने के लिए अपने मताधिकार का इस्तेमाल करती थी। सिर्फ उपाध्यक्ष पद का चुनाव चुने हुए पार्षद और निर्वाचित अध्यक्ष करते थे।

प्रत्यक्ष पद्धति से अध्यक्ष का चुनाव होने से पार्षद पद के चुनाव में अधिकतर दोयम दर्जे के नेता ही भाग लेते थे। लेकिन प्रदेश में कांग्रेस सरकार बनने के बाद और मोदी लहर के चलते कांग्रेस को नगरीय निकाय चुनाव में अपनी संभावना प्रत्यक्ष चुनाव में कम नजर आ रही है। इसलिए कांग्रेस सरकार द्वारा अप्रत्यक्ष पद्धति से अध्यक्ष पद का चुनाव कराने का निर्णय लिया जा रहा है।

इस निर्णय की भनक पाकर कांग्रेस और भाजपा के बड़े  बड़े महारथी पार्षद पद के चुनाव के लिए सक्रिय हो गए हैं और उन्होंने अपने अपने संभावित वार्डों पर भी नजरें केंद्रित कर दी हैं। नगरपालिका अध्यक्ष विगत चुनाव में पिछड़ा वर्ग पुरूष के लिए आरक्षित हुआ था। इस कारण इस बार पिछड़ा वर्ग पुरूष को छोडक़र सामान्य, सामान्य महिला और पिछड़ा वर्ग महिला के लिए पर्चियां डाली जाएंगी।

जिसके बाद यह निर्णय होगा कि  अध्यक्ष पद किस वर्ग के हिस्से में जाता है। लेकिन यदि सामान्य वर्ग के लिए अध्यक्ष पद आरक्षित हुआ तो यह चुनाव विधानसभा चुनाव से अधिक घमासान होने की उम्मीद है। जिसमें शहर के बड़े बड़े महारथी अपना भाग्य आजमाएंगे।