बाल्मीक समाज दो बच्चों की हत्या के विरोध में 30 सितम्बर को आंदोलन करेगा | Shivpuri News

शिवपुरी। बाल्मीकि समाज के दो बच्चों की हत्या के विरोध में में सितम्बर को कमल किशोर कोड़े राष्ट्रीय अध्यक्ष बाल्मीकि समाज अधिकारी कर्मचारी संघ भार के द्वारा 25 सितम्बर को बाल्मीकि समाज के मासूम दो बच्चों अविनाश बाल्मिक पुत्र मनोज बाल्मिक एवं कु. रोशनी बाल्मिक पुत्री कल्ला बाल्मिक की हत्या ग्राम भावखेड़ी के दबंग अपराधियों ने निर्मम हत्या कर दी है।

मृत बच्चों को न्याय दिलाने हेतु 30 सितम्बर सोमवार दोपहर 11 बजे पुराने बस स्टेण्ड शिवपुरी पर मृत बच्चों की आत्मा शांति हेतु श्रद्धांजलि का कार्यक्रम रखा है तथा पींडित परिवार को आर्थिक सहायता एवं सुरक्षा पुर्नवास सहित अपराधियों को फांसी की सजा बच्चों की हत्या करने के आरोप में अतिशीघ्र दिलाए जाने हेतु राष्ट्रपति एवं राज्यपाल प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को ज्ञापन बाल्मीकि समाज सौंपेगा।

साथ ही बाल्मीकि समाज अधिकारी कर्मचारी संघ एवं शिवपुरी बाल्मीकि समाज शिवपुरी समस्त व्यवसायी, दुकानदारों से निवेदन करती हैं कि बच्चों की निर्मम हत्या के विरोध एक दिन शहर बंद रखकर विरोध दर्ज करायें।

साथ में ही एक दिन के लिए शिवपुरी का सफाई काम भी बंद रहेगा। शिवपुरी के सभी जाति के लोगों से निवेदन हैं कि अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर इन बच्चों के हत्यारों को फांसी की सजा दिलाने हेतु पुराने बस स्टेण्ड पर उपस्थित होकर मृत बच्चों के सामने केङ्क्षडल एवं पुष्प चढ़ाकर श्रद्धांजलि दें।

पीड़ित परिवार की सुरक्षा और पुनर्वास की व्यवस्था करें प्रशासन: कोड़े

वाल्मीकि समाज अधिकारी कर्मचारी संघ भारत के  राष्ट्रीय अध्यक्ष कमल किशोर कोड़े ने कहा है कि शासन प्रशासन पीड़ित परिवार की सुरक्षा एवं पुनर्वास की व्यवस्था करने के साथ ही आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की व्यवस्था करें ।

उन्होंने कहा कि दिनांक 30 सितंबर सोमबार को  पुराने बस स्टेण्ड शिवपुरी पर समय 12बजे  एकत्रित होकर मृत बच्चों की आत्मा शांति के लिए श्रद्धांजलि देंगे और  वही से कोर्ट रोड से होकर कलेक्टर शिवपुरी को राष्ट्रपति, राज्य पाल, मुख्य मन्त्री मध्य प्रदेश सरकार के नाम ज्ञापन देंगे ।

श्री कोड़े द्वारा  अपील की गई है कि वाल्मीकि समाज के मृत बच्चों को न्याय दिलाने हेतु शिवपुरी शहर की सफाई कार्य और बाजार बन्द रख कर श्रद्धांजलि सभा मे ज्यादा से  ज्यादा संख्या में आएं।