शिवपुरी में बलात्कार के बदले में हत्या, पीड़िता के भाई सहित 3 पर मामला दर्ज, बाकी अज्ञात

Adhiraj Awasthi

शिवपुरी। शिवपुरी जिले के कोलारस थाने में रन्नौद थाना सीमा में बलात्कार के बदले हुई हत्या के मामले में पीड़िता सहित 3 लोगों पर FIR दर्ज कर ली गई है,बाकी कुछ लोगो की पहचान वीडियो के आधार पर की जाऐगी। पुलिस ने इस मामले में पीडिता के भाई को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। वही हमले में घायल हुआ बलात्कार करने वाले आरोपी का अस्पताल में इलाज जारी है।

जैसा कि विदित है कि शुक्रवार की दोपहर रन्नौद के नगर के सदर बाजार में निवास करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने रन्नौद पुलिस को बताया कि शुक्रवार की दोपहर लगभग डेढ़ बजे मे अपनी आंगनबाड़ी के स्टाफ के बीमार रिश्तेदार को देखने अस्पताल गई थी,अस्पताल जाने के बाद मे अपने घर जा रही थी तभी रास्ते में इंदल गुर्जर बाइक से मेरे पास आ गया था।

इंदल की बाइक पर में पीछे बैठ गई। इंदल मुझे घर ना ले जाते हुए नगर पालिका के पास वाले सुनसान रास्ते की तरफ ले गया,इंदल कुछ नहीं बोला उसके बाद में उसकी बाइक से कूद गई। इंदल ने बाइक को रोका और मुझे जबरिया नदी किनारे ले गया और मेरा बलात्कार कर दिया।

पीड़िता का कहना हे कि इसके बाद में इंदल वहां से भाग गया। मैंने फोन लगाकर अपने भाई का पूरा घटनाक्रम बताया। रन्नौद थाना पुलिस ने इस मामले मे पीड़िता के बयान के आधार पर इंदल गुर्जर के खिलाफ बलात्कार का मामला दर्ज कर लिया।


आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के बलात्कार के बाद पीडिता के भाई ने प्रमोद नामदेव अपने साथी नीलेश मांझी और परमाल सिंह यादव अन्य साथियों को लेकर बलात्कार के आरोपी इंदल गुर्जर के घर टोकनी गांव पहुंचे और घर पर आराम कर रहे इंदल गुर्जर पर हमला कर दिया। इस हमले में बीच बचाव करने आई इंदल गुर्जर की मॉ सिरकुंवर उम्र 65 साल पत्नी पोखम गुर्जर की सिर में लट्ठ या लोहे की रोड लग गई जिससे उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई वही इंदल गुर्जर भी गंभीर रूप से घायल हो गया।

शुरुआत में बताया गया था कि इंदल ने ही अपनी मॉ की हत्या कर दी,लेकिन पुलिस की जांच में बलात्कार के बदले हत्या का मामला निकलकर सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में पीड़िता के भाई प्रमोद नामदेव सहित नीलेश मांझी और परमाल सिंह यादव पर हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। इस हमले में 7 लोग बताए जा रहे है बाकी हत्यारों की वीडियो के आधार पर जांच की जा रही है वही पुलिस ने प्रमोद नामदेव को तत्काल गिरफ्तार कर लिया था और उसे जेल पहुंचा दिया है।