शिवपुरी। शिवपुरी जिले के करैरा अनुविभाग के दिनारा थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक रोंगटे खड़े कर देने वाला मामला सामने आया है, जहाँ दबंगों के खौफ और पुलिस की कथित अनदेखी के कारण एक परिवार को अपना घर छोड़कर पलायन करने पर मजबूर होना पड़ा है। पीड़िता परबीन बानो ने पुलिस अधीक्षक (SP) को आवेदन देकर न्याय और सुरक्षा की गुहार लगाई है।
घर में घुसकर हमला और छेड़खानी घटना 1 फरवरी 2026 की सुबह की है। पीड़िता का आरोप है कि गांव के ही शहजाद खान, शाहरुख, गोलू और उनके साथियों ने पुरानी रंजिश के चलते उनके घर में धावा बोल दिया। दबंगों ने न केवल पीड़िता के साथ छेड़खानी की और इज्जत लूटने का प्रयास किया, बल्कि उसे लात-घूंसों और लाठियों से बेरहमी से पीटा। जब पीड़िता के पति अंसार खान बचाव के लिए आए, तो आरोपियों ने उनका गला दबाकर जान से मारने की कोशिश की और उनके पास रखे 10 हजार रुपए भी लूट लिए।
पुलिस पर गंभीर आरोप
पीड़ित को ही बनाया अपराधी पीड़िता का सबसे बड़ा आरोप स्थानीय दिनारा पुलिस पर है। आवेदन के अनुसार, घटना का वीडियो सबूत होने के बावजूद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की और न ही पीड़िता का मेडिकल करवाया। इसके विपरीत, पुलिस ने पीड़िता के पति अंसार खान पर ही शांति भंग करने का मामला दर्ज कर लिया। पीड़िता का कहना है कि आरोपी रसूखदार और अपराधी प्रवृत्ति के हैं, जिस कारण पुलिस उनकी सुनवाई नहीं कर रही है।
गांव से पलायन और बेघर हुआ परिवार
दबंगों की लगातार धमकियों और पुलिस के असहयोग से टूटकर पीड़िता को 8 फरवरी 2026 को अपने परिवार के साथ गांव छोड़ना पड़ा। वर्तमान में परबीन बानो अपनी तीन बेटियों और एक पुत्र के साथ करैरा में शरण लिए हुए हैं। उन्होंने बताया कि वे अपने ही घर से बेघर हो गई हैं और उनकी जान-माल को गंभीर खतरा बना हुआ है।
न्याय की अपील पीड़िता ने 24 फरवरी 2026 को दोबारा पुलिस अधीक्षक के समक्ष पेश होकर गुहार लगाई है कि आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार किया जाए और उनके परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए।
घर में घुसकर हमला और छेड़खानी घटना 1 फरवरी 2026 की सुबह की है। पीड़िता का आरोप है कि गांव के ही शहजाद खान, शाहरुख, गोलू और उनके साथियों ने पुरानी रंजिश के चलते उनके घर में धावा बोल दिया। दबंगों ने न केवल पीड़िता के साथ छेड़खानी की और इज्जत लूटने का प्रयास किया, बल्कि उसे लात-घूंसों और लाठियों से बेरहमी से पीटा। जब पीड़िता के पति अंसार खान बचाव के लिए आए, तो आरोपियों ने उनका गला दबाकर जान से मारने की कोशिश की और उनके पास रखे 10 हजार रुपए भी लूट लिए।
पुलिस पर गंभीर आरोप
पीड़ित को ही बनाया अपराधी पीड़िता का सबसे बड़ा आरोप स्थानीय दिनारा पुलिस पर है। आवेदन के अनुसार, घटना का वीडियो सबूत होने के बावजूद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की और न ही पीड़िता का मेडिकल करवाया। इसके विपरीत, पुलिस ने पीड़िता के पति अंसार खान पर ही शांति भंग करने का मामला दर्ज कर लिया। पीड़िता का कहना है कि आरोपी रसूखदार और अपराधी प्रवृत्ति के हैं, जिस कारण पुलिस उनकी सुनवाई नहीं कर रही है।
गांव से पलायन और बेघर हुआ परिवार
दबंगों की लगातार धमकियों और पुलिस के असहयोग से टूटकर पीड़िता को 8 फरवरी 2026 को अपने परिवार के साथ गांव छोड़ना पड़ा। वर्तमान में परबीन बानो अपनी तीन बेटियों और एक पुत्र के साथ करैरा में शरण लिए हुए हैं। उन्होंने बताया कि वे अपने ही घर से बेघर हो गई हैं और उनकी जान-माल को गंभीर खतरा बना हुआ है।
न्याय की अपील पीड़िता ने 24 फरवरी 2026 को दोबारा पुलिस अधीक्षक के समक्ष पेश होकर गुहार लगाई है कि आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार किया जाए और उनके परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए।