भावखेडी हत्याकाण्ड: मासूमों के हत्यारों को फांसी की मांग को लेकर सडकों पर उतारा बाल्मीक समाज | Shivpuri News

शिवपुरी। गत दिनों ग्राम भावखेड़ी में यादवों द्वारा बाल्मीक समाज के दो बच्चों की निर्मम की गई हत्या के विरोध में आज समाज के लोगों ने पुराने बस स्टेण्ड परिसर में एक श्रद्धांजलि सभा आयोजित कर एक रैली के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंचकर राष्ट्रपति के नाम एडीएम को ज्ञापन सौंपा हैं। जिसमें बाल्मीक समाज ने हत्यारों को फांसी देने एवं पीडि़त परिजनों को सुरक्षा मुहैया कराने की मांग की हैं।

थाना सिरसौंद के अंतर्गत आने वाले ग्राम भावखेड़ी में गत दिनों दो हरिजन बच्चों की गई हत्या के विरोध में आज बाल्मीक समाज के लोगों द्वारा पुराने बस स्टेण्ड परिसर में एक श्रद्धांजलि सभा का आयोजन कर मृतकों को श्रद्धांजली दी गई। तथा पीडि़त परिजनों को सांत्वना दी। तदुपरांत एक रैली के रूप में कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचकर राष्ट्रपति के नाम एडीएम को ज्ञापन सौंपा। साथ ही अन्य जिलों उ.प्र., दिल्ली, हरियाणा, भिण्ड, मुरैना, गुना, श्योपुर, अशोकनगर सहित विभिन्न शहरों से आए हुए बाल्मीक समाज के विभिन्न संगठनों द्वारा एडीएम को ज्ञापन सौंपे गए।

जिसमें हत्यारों को फांसी देने के साथ पीडि़त परिजनों की सुरक्षा, एक-एक करोड़ रूपए की आर्थिक सहायता, पीडि़त परिवार को एक-एक शासकीय नौकरी, भावखेड़ी से हटाकर प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत शहरी क्षेत्र में आवास व सरपंच व सचिव के विरूद्ध वैधानिक कार्यवाही करने की मांग की हैं। 

मांग करने वालों में दत्तू मेड़े प्रदेशाध्यक्ष भीम आर्मी, अजय साखाल प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य भीम,अशोक बाल्मीक ग्वालियर राष्ट्रीय अध्यक्ष अन्नत सरकार, लक्ष्मी दण्डौतिया राष्ट्रीय सचिव दिल्ली बौद्ध संघ, राधा मैना होशंगावाद, अर्चना गौतम दिल्ली संघ, शिवकुमार प्रदेशाध्यक्ष बाल्मीकी समाज, प्रमोद सनोतिया प्रदेश महामंत्री, लखन पथरौल प्रदेश संगठन, रोहित, दिनेश आदि संगठनों के पदाधिकारियों ने ज्ञापन देकर हत्यारों के विरूद्ध कार्यवाही करने की मांग की हैं।

व्यापारियों प्रतिष्ठान बंद रख कर दी श्रद्धांजली

भावखेड़ी में मासूम बच्चों की हत्या के विरोध में बाल्मीक समाज द्वारा निकाली गई रैली के दौरान शहर के व्यापारियों द्वारा मृतक मासूम बच्चों को शोक संवेदना व्यक्त करते हुए अपने प्रतिष्ठान बंद कर उन्हें श्रद्धांजली अर्पित की हैं। शहर से रैली निकलने के बाद सभी व्यापारियों ने अपने प्रतिष्ठान पुन: खोल लिए थे।