रात भर जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष करती रही 6 माह की मासूम, मॉ ने रास्ते पर फैका था | Bairad News

बैराड। खबर जिले के बैराड थाना क्षेत्र के अतंर्गत आने वाले ग्राम भैराना से आ रही हैं जहां पोहरी- मोहना रोड़ पर सुनसान में बने यात्री प्रतीक्षालय में आज रात एक कलयुगी मां अपने 6 माह की लाडो को मरने के लिए फैक गई। पूरी रात इस मासूम ने जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष किया। कहते है कि मारने वाले से बचाने वाला बडा होता हैं,ईश्वर की कृपा के कारण इस बीच रास्ते में इस काली रात में कोई भी जानवर या कुत्ता इस मासूम के पास नही आया।

गुरूवार की सुबह जब ग्रामीण रास्ते से गुजर रहे थे तभी यात्री प्रतीक्षालय से बच्चे की रोने की आवाज को सुनकर कुछ ग्रामीण अंदर गए तब एक कंबल में लिपटी करीब 6 माह की बालिका रोते हुए मिली बालिका के पास में ही उसकी दूध की बोतल पड़ी हुई थी ग्रामीण द्वारा तत्काल इसकी सूचना बैराड़ थाना पुलिस को दी गई पुलिस ने मौके पर पहुंच कर मासूम बालिका को बरामद कर उसे जीवनदान दिया है।

पुलिस ने लावारिस बालिका की बरामदगी के संबंध में चाइल्ड हेल्प लाइन को सूचना दी। जिस पर से चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम के सदस्य वीनस तोमर और अरूण कुमार ने  जरूरी औपचारिकताएं पूरी कर बच्ची को अपने साथ जिला चिकित्सालय ले गए कलियुगी मां ने अपने  मासूम बच्ची को भौराना स्टेशन के यात्री प्रतीक्षालय पर फेंक कर मानवता को कलंकित कर शर्मसार कर दिया है।

बैराड़ टीआई अलोक भदौरिया ने बताया कि पुलिस ने भौराना के यात्री प्रतीक्षालय से लगभग छह माह की लावारिस मासूम बच्ची को बरामद किया है। पुलिस मासूम बालिका के परिजनों की तलाश कर रही है। उन्होंने ने बताया कि भौराना स्टेशन के यात्री प्रतीक्षालय से बरामद मासूम बालिका बिल्कुल स्वस्थ है। लेकिन रात भर मच्छरों के काटने से उसे बुखार आ गया है।