Shivpuri News- बिजली कंपनी के AE भदौरिया ने रिश्वत वसूलने चोरी का केस प्लांट कर दिया, कैमरे में कैद: SP को शिकायत

शिवपुरी।
मध्य प्रदेश का शासन का मान्यता प्राप्त लुटेरे विभाग बिजली विभाग आंकलित खपत कर जनमानस को लूटने का लिए प्रसिद्ध है। लोगों की किचन से ज्यादा खर्चा मध्यप्रदेश में बिजली का है फिर यह विभाग लोगो को लूटने के लिए मामले प्लांट कर रहा हैं। ऐसा ही एक मामला शिवपुरी से आ रहा हैं कि 20 हजार रुपए की रिश्वत न मिलने से नाराज बिजली विभाग के AE ने बिजली के उपभोक्ता का चोरी का केस प्लांट कर दिया। उपभोक्ता ने सबूतों के साथ बिजली कंपनी के इस अधिकारी की एसपी शिवपुरी से एक आवेदन के माध्यम से शिकायत की हैं।

जानकारी के अनुसार शहर के प्रसिद्ध ओमस डेंटल क्लीनिक के संचालक डॉ नीतेश शर्मा ने एसपी शिवपुरी को एक शिकायती आवेदन दिया हैं इस आवेदन अनुसार पोहरी बस स्टेंड क्षेत्र के मीटर रीडर योगेश शर्मा ने आवेदन के मोबाइल पर उनका बिजली का बिल भेजा जो आंकलित खपत होकर बहुत ज्यादा था। डॉ नीेतेश ने इस बिल मे 30 हजार रुपए जमा कराए।

डॉ शर्मा की योगेश शर्मा से बातचीत हुई कि यह बिल सही करने और मीटर जो जंप कर रहा है उसके 20 हजार रुपए की मांग की और कहा की यह रिश्वत AE रंजी साहब को देने है। चर्चा के एक दिन बाद दोपहर के समय बिजली कंपनी के एई रंजीत भदौरिया,कर्मचारी घनश्याम मीटर रीडर योगेश शर्मा सहित 5 लोग हॉस्पिटल पर आए और बोले की 20 हजार रुपए दो।

बकौल डॉ शर्मा ने कहा कि कल ही तीस हजार रुपए दिए हैं अभी पैसे नहीं हैं 2 दिन बाद दूंगा। इस बात से नाराज होकर मेरी खंभे से लाइट कटवा दी। और मेरे उपर चोरी का केस बना दिया। पंचानामा में लिखा की मीटर की सील टूटी हैं डिस्प्ले क्रेक हैं। लेकिन ऐसा नहीं है था मैंने पंचनामा पर आपत्ति भी लिखी है कि मीटर की कोई सील नहीं टूटी और डिस्प्ले क्रेक नही है।

अब यह अधिकारी इस मीटर के अपने कार्यालय ले जाकर उससे कुछ भी छेडछाड कर सकते हैं। डॉ शर्मा ने कहा कि गाडी रोककर मैने मीटर के फोटो भी लिए जिसमें मीटर सभी प्रकार से सुरक्षित हैं। डॉ नीतेश शर्मा ने एसपी से मांग की है कि इस अधिकारी महोदय ने मेरे उपर रिश्वत लेने के लिए दबाव बनाया हैं और मेरे उपर झूठा बिजली चोरी का मामला दर्ज करने का प्रयास किया जा रहा है।ं इस अधिकारी और इनकी टीम पर पर मामला दर्ज किया जाए।