पात्र एवं जरूरतमंद हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ मिलना चाहिए: सांसद | Shivpuri news

शिवपुरी। ग्रामीण क्षेत्रों में योजनाओं के क्रियान्वयन में सभी अधिकारी तत्परता से काम करें। पात्र एवं जरूरतमंद व्यक्तियों को समय पर योजनाओं का लाभ दिया जाए। जो भी निर्माण कार्य चल रहे है। उनमें गुणवत्ता का भी ध्यान रखें। यह निर्देश गुना-शिवपुरी सांसद श्री के.पी.यादव ने गुरूवार को जिलाधीश कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की जिला स्तरीय बैठक में अधकारियों को दिए। बैठक में कलेक्टर एवं समिति की सचिव श्रीमती अनुग्रहा पी सहित समिति के सदस्यगण और जिला अधिकारी उपस्थित थे।

बैठक में वाटर प्रोजेक्ट, अमृत योजना, पेजयल कनेक्शन, मनेरगा, वाटर शेड प्रोग्राम, एसआरएलएम, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, नलजल योजना, विद्युत आपूर्ति स्वास्थ्य सुविधाएं, शिक्षा व्यवस्था, आंगनवाड़ी केन्द्रों, कुपोषण अभियान, दीनदयाल अंत्योदय योजना, स्वच्छ भारत मिशन, राष्ट्रीय ग्रामीण पेयजल कार्यक्रम, प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना, दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण ज्योति योजना सहित अन्य विभागीय योजनाओं की समीक्षा की।

सांसद के.पी.यादव ने कहा है कि घर-घर तक पानी पहुंचाने के लिए पाईप लाईन समय-सीमा निर्धारित कर बिछाई जाए। अमृत योजना के तहत किए जा रहे कार्यों को भी जल्द पूरा करें। मिनी स्मार्ट सिटी के लिए योजना तैयार करें। साथ ही गौशाला निर्माण के संबंध में निर्देश दिए है कि ग्राम पंचायतों में जगह चिंहित करें। सभी जनपद सीईओ, जनप्रतिनिधियों से संपर्क कर लक्ष्य के अनुसार काम करें। उन्होंने कहा है कि जहां कही तालाब है और उनमें वर्तमान स्थिति में पानी की उपलब्धता है। ऐसे तालाबों की मरम्मत करने के लिए एस्टीमेट तैयार करें।

सांसद श्री यादव ने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की समीक्षा करते हुए कहा कि ऐसे घनी आबादी वाले ग्राम जहां अभी तक पक्की सड़कें नहीं पहुंची है, उन ग्रामों को सड़कों से जोड़ा जाए। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत ६७ प्रतिशत आवास पूर्ण हो गए है। पंचायतवार टीम गठित कर प्रत्येक दिन कम से कम २० हितग्राहियों से चर्चा करें और आगामी दिसम्बर माह तक आवास का निर्माण पूरा किया जाए और जिन हितग्राहियों के आवास स्वीकृत हुए है। उनकी सूची उपलब्ध कराई जाए ताकि हितग्राही को यह जानकारी रहे कि उसका सूची में नाम है या नहीं।

सांसद ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग को खराब हेण्डपंपों की मरम्मत कराने और बंद नलजल योजनाओं को चालू करने के निर्देश दिए है। उन्होंने कहा है कि विकासखण्डवार टीम गठित करें। यह टीम गांव में जाकर स्थिति का जायजा लें। जहां मोटर खराब है, उन्हें सुधरवायें। जनपद सीईओ इनके प्रबंधन पर ध्यान दें। ग्रामीण क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति के संबंध में तथा विद्युत बिलों की अधिक राशि पर भी चर्चा की गई और निर्देेश दिए है कि उपभोक्ताओं से नियमानुसार बिल की राशि ली जाए।

उन्होंने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देश देते हुए कहा कि अस्पताल एवं अन्य स्वास्थ्य केन्द्रों पर स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार दिखना चाहिए। स्वास्थ्य केन्द्रों में चिकित्सकों की मौजूदगी रहे। जिला अस्पताल में भ्रमण के दौरान शौचालय खराब स्थिति में थे। शौचालयों की मरम्मत करवाकर उन्हें चालू कराया जाए और प्रतिदिन साफ-सफाई की जाए। सीएमएचओ ने बताया कि आयुष्मान भारत के तहत जिले में ४६ हेल्थ एण्ड बेलनेस सेंटर प्रस्तावित है। इसके तहत शिविर लगाकर मरीजों का उपचार किया जा रहा है।

उन्होंने कहा है कि स्कूलों में बेहतर व्यवस्थाएं करने के लिए सीएसआर फण्ड से भी मदद की जाएगी। जिले में ६ हजार से अधिक बच्चों को साइकिल तथा सत्र २०१९-२० में २ लाख १७ हजार ९४६ बच्चों को पुस्तक वितरण की गई है। जिले में संचालित आंगनवाड़ी केन्द्रों और महिला एवं बाल विकास विभाग के अन्य कार्यक्रमों की समीक्षा करते हुए कहा कि कुपोषण मिटाने के लिए बच्चों को चिंहित कर उन्हें पर्याप्त देखरेख में रखा जाए। विशेषकर पिछड़े क्षेत्रों में अभियान चलाकर काम करें।

कलेक्टर श्रीमती अनुग्रहा पी ने भी सभी अधिकारियों को दिए गए निर्देशों पर गंभीरता से कार्यवाही करने को कहा है। उन्होंने सभी अधिकारियों को पालन प्रतिवेदन भेजने के निर्देश दिए है।