बड़ी खबर: पुराने नोटों के एवज में वसूली मामले में 4 पुलिसकर्मी सहित दो पत्रकारों पर मामला दर्ज - Shivpuri News

शिवपुरी। आज पुलिस अधीक्षक राजेश सिंह चंदेल ने सुबह अपने विभाग की सर्जरी करते हुए फिजीकल थाना प्रभारी अमित भदौरिया को करैरा थाने की कमान सौंपी गई। कमान सौंपते ही उन्होंने ज्योनिंग दी और पुराने नोट कांड के मामले में 4 पुलिसकर्मीयों सहित दो पत्रकारों पर मामला दर्ज कर लिया है। 

जानकारी के अनुसार 24 नबंबर 2020 को शाम 4 बजे के लगभग करैरा वाईपास कालेज चौराहा पर अपने साथी के साथ अपने स्कार्पियो से शिवपुरी की तरफ वापस जा रहा था उक्त चौराहे पर कुछ पुलिस कर्मियों एवं पत्रकारों ने साठगांठ कर मुझे डरा धमका कर मेरे साथ अबैध बसूली की गई एवं झूटा मुकदमा दर्ज किया गया। 

उक्त आवेदन को पुलिस अधीक्षक शिवपुरी राजेश सिंह चंदेल व्दारा गंभीरता से लेते हुये अति0 पुलिस अधीक्षक शिवपुरी प्रवीण कुमार भुरिया को जांच कर प्रतिवेदन प्रस्तुत करने हेतु निर्देशित किया गया । एवं करैरा थाने के चार पुलिस कर्मियों को तत्काल निलंबित किया गया । अति. पुलिस अधीक्षक शिवपुरी व्दारा मामले की बारीकी से जांच की गई। 

सम्पूर्ण प्राथमिक जांच के दौरान लेख किये गये कथनो एंव संकलित की गयी साक्ष्य थाना करैरा के अप.क्र. 694/20 धारा 489सी आईपीसी की प्रथम सूचना तथा थाना करैरा के सीसीटीव्ही कैमरा की दिनांक 24.11.20 की वीडिओ रिकोडिंग में उक्त पुलिस कर्मियों पत्रकारों की भूमिका संदिग्ध रही है। प्राथमिक जांच के दौरान यह पाया गया कि करैरा थाने के 4 पुलिस कर्मियों एवं दो पत्रकारों व्दारा आवेदक को अवैध रुप से थाने मे रखा एवं इनके व्दारा अवैध रुप से राशी की मांग कर राशी प्राप्त करना गंभीर भ्रष्ट कदाचरण प्रदर्शित करता है। 

तथा आवेदकगणो के विरूद्ध अनुचित विधान में अपराध पंजीयन कर घोर कदाचरण प्रदर्षित करना एँव पुलिस की छवि को आम जनता में धूमिल करना प्रमाणित पाया गया है। अतः करैरा थाने के 4 पुलिस कर्मियों एवं दो पत्रकारों का यह कृत्य भ्रष्टाचार निवारण अधि0 धारा 7,13(1)(बी),13(2) एँव भा.द.वि. की धारा 120बी का पाया जाने से प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया ।

यह हैं पूरा मामला 

24 नवबंर की रात लगभग की शाम 5 बजे करैरा थाने में पदस्थ पुलिसकर्मी करैरा के बाईपास कॉलेज चौराहे पर डयूटी कर रहे थे। पुलिस ने यूपी की ओर जा रही फोर व्हीलरो को रोका और चैंकिग की,इस चैंकिग में 2 गाडियो में बैठे सुभाषचंद यादव, नीलेन्द्र राय, यशवंत ठाकुर, हरज्ञान अहिरवार, गेंदाराज, रमेश कुशवाह, रामकुमार राय, बाबू उर्फ बल्लू सिंह लोधी, रूप नारायण, असलम खांन पर पुराने के 500-500 के 40 हजार नोट बरामद किए और मामला दर्ज कर लिया था।

यह हुई शिकायत

यशवंत ठाकुर और इनके साथियो ने इस मामले से अपनी जमानत कराकर एसपी शिवपुरी राजेश सिंह चंदेल को ज्ञापन सौपा कि हम 24 नबवंर की शाम 5 बजे झांसी की आरे जा रहे थे। करैरा बाईपास पर जैसे ही हमारी गाडिया पहुंची करैरा थाने के पुलिस कर्मी एस.आई. आदित्य प्रताप सिंह, एएस.आई. नरेन्द्र सिंह यादव, आरक्षक अमित यादव, आरक्षक सतीश यादव, आरक्षक देवेश तोमर व पत्रकार सौरभ भार्गव कोशल किशोर भार्गव खडे थे।

उन्होने हमारी गाडिया रोकी और कागजात मांगे,हमने हमारे कागजात दिखाए उन्होने कहा कि यह तो फोटो कॉफी हैं आरिनल दिखाए। हमने मना किया कि हमारे पास यही है। इस पर उक्त पुलिसकर्मी हमे गालिया देने लगें। हमने मना किया तो हमारे साथ लगातार अभद्रता करने लगे,पास में ही खडे एक पत्रकार ने अपनी जेब से 500 के पुराने नोटो का बंडल निकाला और पुलिसकर्मिया को दे दिया।

पुलिसकर्मी हमे जबरिया पुलिस कार्यालय के बगल बने सरकारी भवन की कोठरी में बंद कर दिया तथा दरवाजे बंद कर दिये। इसके पश्चात जब रात होने लगी तो सिपाही सतीश यादव एवं एक और सिपाही कमरे के अंदर आये और कहने लगे कि तुम तीनों लोग दो-दो लाख रूपये कहीं से भी इंतजाम करो नहीं तो देशद्रोह का केस लगाकर जेल में सडवा दूंगा।

हमे डरा धमका गया,जो मोबाईल हमसे छिन लिए गए थे उन्है वापस किया। हमने हमारे रिश्तेदारो को फोन लगाया ओर 2 रिश्तेदारो से 2-2 लाख रूपए लिए। करैरा थाने का आरक्षक रूपए लेने दतिया गया। हमे डरा धमका कर 4 लाख रूपए हडप लिए और हमारे उपर झूठा मामला दर्ज कर दिया।

बताया जा रहा है इस मामले की शिकायत के बाद एसपी ने एएसपी को जांच सौंपी जांच के आदेवन समय और आवेदनकर्ता के रिश्तोदारो और करैरा थाने के पुलिसकर्मियो की कॉल रिर्काडिंग भी सौंपी थी। इसी जांच के आधार पर करैरा के चारों पुलिसकर्मिया को संस्पैड कर दिया गया है।